जिलाध्यक्ष के दावेदार के पक्ष में उतरा मीडिया सेल, एक चेहरे के लिए अपना चाल और चरित्र खोते जा रही है भाजपा पार्टी

*बाहरी व्यक्ति को थोपने का हो रहा है खेल*


अनूपपुर

भाजपा संगठन में अनुसूचित जाति मोर्चा, अनुसूचित जनजाति मोर्चा, किसान मोर्चा सहित कई मोर्चों के जिला अध्यक्षों की घोषणा हो चुकी है, जबकि पिछड़ा वर्ग मोर्चा, महिला मोर्चा और युवा मोर्चा के जिलाध्यक्षों की घोषणा अभी शेष है। इनमें सबसे अधिक चर्चा और विवाद भाजपा युवा मोर्चा के जिलाध्यक्ष पद को लेकर देखने को मिल रहा है।

जब किसी पद के एक दावेदार के समर्थन में पार्टी का मीडिया सेल खुलकर सामने आता दिखाई दे रहा है। आशुतोष तिवारी को लेकर जिले के बाहर का निवासी होने तथा कॉलरी कर्मचारी होने जैसे सवाल लगातार उठ रहे हैं। भाजपा जिला मीडिया सह-प्रभारी श्रीराम केवट की ओर से 28 मई 2026 को एक प्रेस नोट जारी किया गया, जिसमें आशुतोष तिवारी को “उभरता हुआ राजनीतिक चेहरा” बताते हुए उनके खिलाफ चल रही “बाहरी” वाली बहस पर सवाल खड़े किए गए। चूंकि यह प्रेस नोट भाजपा जिला मीडिया सेल की ओर से जारी हुआ है, इसलिए इसे भाजपा संगठन का आधिकारिक पक्ष माना जा रहा है।

यहीं से कई सवाल खड़े होने लगे हैं। क्या किसी एक दावेदार के समर्थन में इस तरह आधिकारिक प्रेस नोट जारी होना यह संकेत नहीं देता कि जिलाध्यक्ष पद की “स्क्रिप्ट” पहले ही लिखी जा चुकी है? क्या पैनल बनाना और नाम भेजना मात्र औपचारिकता बनकर रह गया है? यह सवाल अब अन्य दावेदारों और कार्यकर्ताओं के बीच भी चर्चा का विषय बन गया है।

जिला मीडिया सह-प्रभारी ने अपने प्रेस नोट में यह भी लिखा कि कुछ लोग आशुतोष तिवारी के उभरते राजनीतिक व्यक्तित्व से घबराए हुए हैं। लेकिन सवाल यह है कि आखिर यह घबराहट किसे है? क्योंकि जिस प्रकार संगठन के मीडिया प्रकोष्ठ को स्वयं सफाई देने के लिए सामने आना पड़ा, उससे यह बहस और गहरी हो गई है। जहां तक “बाहरी” होने के मुद्दे का सवाल है, यह बहस भावनात्मक नहीं बल्कि तथ्यात्मक आधार पर उठाई जा रही है। 

मीडिया की ओर से भाजपा जिला मीडिया सह-प्रभारी और संगठन से कुछ स्पष्ट सवाल भी पूछे जा रहे हैं। यदि आशुतोष तिवारी पिछले 22 वर्षों से अनूपपुर में निवास कर रहे हैं, तो क्या उन्होंने यहां का निवास प्रमाण पत्र बनवाया है? उनके आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र और सेवा अभिलेखों में कौन-सा पता दर्ज है? इस भाजपा संगठन इन सवालों का जवाब किस प्रकार देता है।

श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलटी, 4 की हुई मौत, 41 घायल अस्पताल में भर्ती


उमरिया/अनूपपुर

उमरिया, अनूपपुर जिले की सीमा में एक दर्दनाक सड़क हादसे में 4 लोगों की मौत हो गई, जबकि लगभग 41 लोग घायल हो गये। घायलों में 22 पुरूष, 14 महिलायें, और 05 बच्चे शामिल हैं। हादसा उस समय हुआ जब श्रद्धालुओं से भरी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट गई। दुर्घटना के बाद मौके पर चीख-पुकार और अफरा-तफरी का माहौल बन गया। जानकारी के अनुसार ग्राम पडनिया के करीब 50 ग्रामीण ट्रैक्टर-ट्रॉली में सवार होकर बिजौरा मे पूजन कार्यक्रम के लिए जा रहे थे। इसी दौरान अनूपपुर सीमा से लगे तिवनी गांव स्थित सनी धाम के पास अचानक ट्रैक्टर-ट्रॉली अनियंत्रित होकर पलट गई। हादसा इतना भीषण था कि ट्रॉली में सवार कई लोग उसके नीचे दब गये और मौके पर ही 4 ग्रामीणों ने दम तोड़ दिया, जबकि दर्जनों लोग गंभीर रूप से घायल हो गये।

*मौके पर पहुंचा पुलिस और प्रशासन*

घटना की सूचना मिलते ही पाली एसडीएम, पुलिस प्रशासन और राजस्व अमला तत्काल मौके पर पहुंच गया। स्थानीय ग्रामीणों की मदद से राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। ट्रॉली के नीचे दबे लोगों को बाहर निकालकर एम्बुलेंस एवं अन्य वाहनों की सहायता से पाली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां घायलों का उपचार जारी है। बताया जा रहा है कि कई घायलों की हालत गंभीर होने पर उन्हें जिला अस्पताल रेफर किया गया है। पुलिस दुर्घटना के कारणों की जांच कर रही है।

सभी घायलों को प्राथमिक उपचार के लिए बिरसिंहपुर पाली अस्पताल लाया गया, घटना के बाद एसईसीएल और संजय गाँधी ताप परियोजना की चिकित्सकों की टीम सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पाली पहुँच कर उपचार कार्य में लगे हुए हैं।  जिसमे 5 गंभीर घायलों को मेडिकल कॉलेज शहडोल इलाज के लिए भेजा गया हैं। मृतकों के नाम घनश्याम सिंह 45 वर्ष पढमनिया, अनूपपुर, सहबल बैगा पिता गल्ली राम 55 वर्ष गिजरी, अनूपपुर, भूपत सिंह, 50 वर्ष पढमनिया बीर सिंह, 60 वर्ष गिजरी।

रेलवे भूमि पर अवैध कब्जे और नोटिस वसूली का खेल, 45 वर्षों से बसे परिवारों और दुकानदारों पर कार्रवाई की तैयारी

*रेलवे अधिकारियों पर मिलीभगत के आरोप, लोगों में आक्रोश*


अनूपपुर/कोतमा

दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के अनूपपुर-अंबिकापुर रेल मार्ग स्थित कोतमा रेलवे स्टेशन परिसर में रेलवे भूमि पर वर्षों से निवास और व्यवसाय कर रहे लोगों को रेलवे प्रशासन द्वारा पुनः नोटिस जारी किए जाने के बाद क्षेत्र में नाराजगी बढ़ गई है। स्थानीय लोगों ने आरोप लगाया है कि रेलवे अधिकारी बीते चार दशकों से केवल नोटिस देकर वसूली की प्रक्रिया अपनाते रहे, लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।

प्राप्त जानकारी के अनुसार रेलवे स्टेशन परिसर और उससे लगे क्षेत्रों में लगभग 40 से 45 वर्षों से अनेक परिवार मकान बनाकर निवास कर रहे हैं तथा कई लोग दुकानें संचालित कर अपने परिवार का भरण-पोषण कर रहे हैं। हाल ही में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, मनेन्द्रगढ़ कार्यालय की ओर से कथित अतिक्रमण हटाने के संबंध में नोटिस जारी किया गया है, जिसमें सात दिवस के भीतर भूमि खाली करने के निर्देश दिए गए हैं। नोटिस में यह भी उल्लेख किया गया है कि निर्धारित समय सीमा में अतिक्रमण नहीं हटाने पर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि रेलवे विभाग द्वारा समय-समय पर नोटिस जारी कर केवल औपचारिकता निभाई जाती रही है। लोगों का कहना है कि कई बार कब्जाधारियों से कथित रूप से अवैध वसूली भी की गई, लेकिन न तो अतिक्रमण हटाया गया और न ही भूमि का नियमितीकरण किया गया। नागरिकों ने आरोप लगाया कि कुछ प्रभावशाली लोगों ने रेलवे भूमि पर कब्जा कर उसे अन्य लोगों को बेच दिया तथा नए निर्माण भी कराए गए, जिसमें स्थानीय अधिकारियों की मिलीभगत से इनकार नहीं किया जा सकता।

मामला नगर के वार्ड क्रमांक 9 इस्लामगंज और टैक्सी स्टैंड से जुड़ी रेलवे भूमि का बताया जा रहा है, जहां दर्जनों की संख्या में दुकानें और मकान निर्मित हैं। क्षेत्रवासियों का कहना है कि यदि रेलवे प्रशासन वास्तव में कार्रवाई करना चाहता है तो पहले वर्षों से निवासरत गरीब परिवारों और छोटे व्यापारियों के पुनर्वास की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। लोगों ने मांग की है कि रेलवे विभाग लीज अथवा किराया प्रणाली लागू कर भूमि का वैध आवंटन करे, जिससे रेलवे को राजस्व प्राप्त हो और स्थानीय लोगों को भी राहत मिल सके। लोगो ने निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए रेलवे के उच्च अधिकारियों एवं जिला प्रशासन से हस्तक्षेप की अपील की है।

आपत्तिजनक वीडियो पर बघेली कलाकार गिरफ्तार, भेजा गया जेल, पहले से चोरी के 5 मामले है लंबित


रीवा/जबलपुर

रीवा के यूट्यूबर मनीष कुमार पटेल को ब्राह्मण समाज और समाज की युवतियों को लेकर सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक वीडियो पोस्ट करने के मामले में मध्य प्रदेश हाईकोर्ट से राहत नहीं मिली है। जस्टिस रामकुमार चौबे की एकल पीठ ने शुक्रवार को मामले की सुनवाई करते हुए अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी। सिविल लाइन पुलिस रीवा ने आरोपी गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।

जानकारी के अनुसार रीवा जिले के लौर थाना क्षेत्र के ग्राम खुटहा निवासी मनीष कुमार पटेल ने वेलेंटाइन वीक के दौरान एक वीडियो बनाकर उसे यूट्यूब, इंस्टाग्राम और फेसबुक पर पोस्ट किया था। वीडियो में ब्राह्मण समाज की युवतियों को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां की गई थीं। वीडियो वायरल होने के बाद जिले में ब्राह्मण समाज के लोगों में आक्रोश फैल गया और पुलिस से शिकायत की गई।

शिकायत मिलने के बाद सिविल लाइंस थाना में आरोपी के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। ईटौरा निवासी आशीष तिवारी की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 196(1)(ए) और 353(2) के तहत अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।

गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपी ने हाईकोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दायर की थी। सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से पैनल अधिवक्ता रघुवर प्रजापति और आपत्तिकर्ता की ओर से अधिवक्ता अनिल तिवारी ने पक्ष रखा।

राज्य सरकार की ओर से अदालत को बताया गया कि आरोपी के खिलाफ पहले से ही चोरी के पांच आपराधिक मामले लंबित हैं, इसलिए उसे अग्रिम जमानत देना उचित नहीं होगा। दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद जस्टिस रामकुमार चौबे की एकल पीठ ने अग्रिम जमानत याचिका खारिज कर दी।

बताया गया कि आरोपी इससे पहले भी निचली अदालत में जमानत याचिका दायर कर चुका था, जिसे 9 फरवरी 2026 को रीवा के चतुर्थ अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने खारिज कर दिया था। अदालत ने अपने आदेश में कहा था कि आरोपी पहले भी ब्राह्मण समाज के धार्मिक कर्मकांडों को लेकर आपत्तिजनक कंटेंट पोस्ट कर चुका है।

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने के बाद विवाद बढ़ने लगा तो आरोपी ने पोस्ट में कुछ शब्द बदल दिए, लेकिन सार्वजनिक रूप से माफी नहीं मांगी। इससे समाज के लोगों में नाराजगी और बढ़ गई।

ब्राह्मण समाज के लोगों का आरोप है कि वीडियो के जरिए जानबूझकर समाज की बेटियों की गरिमा को ठेस पहुंचाने की कोशिश की गई। फिलहाल पुलिस का कहना है कि आरोपी की तलाश की जा रही है और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

यह पहला मौका नहीं है जब मनीष पटेल विवादों में घिरा हो। इससे पहले भी उसके सोशल मीडिया कंटेंट को लेकर कई बार शिकायतें दर्ज हो चुकी हैं। पूर्व में उसने सेना के जवानों को लेकर भी आपत्तिजनक कंटेंट साझा किया था।

महिला से भाजपा पार्षद पर लगाया ठगी का आरोप, भूमि के नाम पर ठगे लाखो रुपए, कलेक्टर से हुई शिकायत


अनूपपुर

नगर पालिका परिषद अनूपपुर के वार्ड क्रमांक 2 के भाजपा पार्षद संजय चौधरी एवं सूर्य चौधरी पर एक गरीब मजदूर महिला से शासकीय भूमि को निजी पट्टे की जमीन बताकर लाखों रुपये लेने का गंभीर आरोप लगा है। मामले को लेकर पीड़िता ने कलेक्टर के समक्ष शिकायत प्रस्तुत कर कठोर कार्रवाई की मांग की है।

शिकायतकर्ता रजनी रजक पति स्वर्गीय लाला रजक, निवासी वार्ड क्रमांक 6 सामतपुर, थाना, तहसील एवं जिला अनूपपुर ने आवेदन में बताया कि वह मजदूरी कर अपने परिवार का पालन-पोषण करती हैं। वर्ष 2023-24 में वार्ड क्रमांक 2 निवासी सूर्य चौधरी एवं भाजपा पार्षद संजय चौधरी उनके घर पहुंचे और मॉडल स्कूल के पास स्थित भूमि को अपना पट्टे की जमीन बताते हुए विक्रय करने की बात कही।पीड़िता के अनुसार, दोनों आरोपियों ने पहले विद्युत ठेकेदार करतार केवलानी के सामने 50 हजार रुपये लिए। इसके बाद दो अलग-अलग अवसरों पर उनके घर पहुंचकर उनके बेटे के सामने 50-50 हजार रुपये और लिए। इस प्रकार कुल 1 लाख 50 हजार रुपये उनसे ले लिए गए। वहीं जमीन पर बाउंड्री निर्माण कराने के नाम पर महिला से दो गाड़ी मुरूम और दो गाड़ी ईंट भी गिरवाई गई, जिसमें लगभग 50 हजार रुपये अतिरिक्त खर्च हुए। इस तरह पीड़िता को करीब दो लाख रुपये की आर्थिक क्षति हुई।

महिला ने आवेदन में बताया कि घरेलू समस्याओं के चलते वह तीन माह तक बाउंड्री निर्माण नहीं करा सकीं। इसी दौरान उक्त जमीन किसी अन्य व्यक्ति को बेच दी गई। बाद में जानकारी मिली कि जिस भूमि को निजी पट्टे की जमीन बताया गया था, वह वास्तव में शासकीय भूमि है।

पीड़िता का आरोप है कि जब उन्होंने अपने पैसे वापस मांगे तो दोनों आरोपियों द्वारा लगातार टालमटोल की जाती रही। आज तक न तो राशि लौटाई गई और न ही कोई जमीन दिलाई गई। उन्होंने कलेक्टर से मांग की है कि उनसे ली गई पूरी राशि वापस दिलाई जाए तथा दोनों आरोपियों के विरुद्ध धोखाधड़ी सहित कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए।

तेज रफ्तार ट्रक ने मचाया उत्पात, कई वाहन व दुकानें क्षतिग्रस्त, मामला दर्ज, ट्रक व चालक की तलाश जारी


अनूपपुर/कोतमा

कोतमा नगर के गहरवार प्रेस के पास में मंगलवार रात एक तेज रफ्तार ट्रक चालक ने लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाते हुए जमकर उत्पात मचा दिया। ट्रक चालक ने सड़क किनारे खड़े वाहनों, दुकानों एवं अन्य सामानों को टक्कर मार दी, जिससे कई वाहन क्षतिग्रस्त हो गए तथा दो लोग घायल हो गए। घटना के बाद क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल निर्मित हो गया। कोतमा थाना पुलिस ने फरियादी की शिकायत पर आरोपी ट्रक चालक के विरुद्ध मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

वॉर्ड क्रमांक 12 गोविंदा कालरी निवासी जावेद खान पुत्र जहीर खान की गहरवार प्रेस के पास इलेक्ट्रॉनिक की दुकान है। मंगलवार रात लगभग 8:50 बजे वे अपनी दुकान बंद कर रहे थे। इसी दौरान शारदा मंदिर रोड की ओर से ट्रक क्रमांक MH43 CQ 6715 का चालक सोनू सोनकर पिता प्यारेलाल सोनकर निवासी गेट दफाई भालूमाडा तेज गति एवं लापरवाहीपूर्वक ट्रक चलाते हुए वहां पहुंचा और दुकान के सामने खड़ी टीवीएस मोटरसाइकिल क्रमांक CG16 C 5046 को जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर लगने से मोटरसाइकिल जावेद खान के ऊपर गिर गई, जिससे उन्हें चोटें आईं।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार ट्रक चालक ने वाहन को पीछे करते समय दुर्गेश चौधरी निवासी ग्राम ऊरा की मोटरसाइकिल क्रमांक CG16 C 9321 को भी टक्कर मार दी, जिससे मोटरसाइकिल क्षतिग्रस्त हो गई। घटना के दौरान मनोज जैन गन्ना वाले की कुर्सियां टूट गईं, वहीं अनिमेश प्रताप सिंह की दुकान की छत एवं शटर भी क्षतिग्रस्त हो गए। इसके बाद भी ट्रक चालक नहीं रुका और ट्रक लेकर गोविंदा कालरी की ओर भागने लगा।

भागते समय ट्रक चालक ने अभिषेक सिंह उर्फ विक्की निवासी भालूमाडा की कार को भी टक्कर मार दी तथा मुक्तेश्वर मिश्रा निवासी वार्ड क्रमांक 13 लहसुई कैम्प की मोटरसाइकिल को ठोकर मारते हुए उन्हें घायल कर दिया। कोतमा पुलिस ने आरोपी ट्रक चालक के विरुद्ध प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस द्वारा ट्रक एवं आरोपी चालक की तलाश की जा रही है।

किराना दुकान में घुसी तेज रफ्तार कार, घायल मासूम की हुई मौत, मामला दर्ज, पुलिस जांच में जुटी


शहडोल

जिले के ब्यौहारी थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम भमरहा में एक दर्दनाक सड़क हादसे में 9 वर्षीय बालक की मौत हो गई। तेज रफ्तार और अनियंत्रित कार सड़क किनारे स्थित किराना दुकान में जा घुसी, जिससे दुकान में बैठा मासूम गंभीर रूप से घायल हो गया। उपचार के दौरान अस्पताल ले जाते समय उसकी मौत हो गई।घटना के बाद पूरे गांव में हड़कंप मच गया, वहीं परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। पुलिस ने कार और चालक को कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार भमरहा गांव के कैथा चौराहा के पास महेंद्र सिंह की किराना दुकान संचालित है। सोमवार शाम उनका 9 वर्षीय पुत्र दीपक दुकान में बैठा हुआ था। इसी दौरान ब्यौहारी की ओर से तेज रफ्तार में आ रही एक कार अनियंत्रित होकर सीधे दुकान के अंदर जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि दुकान के अंदर बैठा दीपक गंभीर रूप से घायल हो गया।

तेज आवाज सुनकर परिजन और आसपास के लोग मौके पर पहुंचे। आनन-फानन में घायल बालक को अस्पताल ले जाया गया। प्राथमिक उपचार के बाद उसकी हालत गंभीर होने पर डॉक्टरों ने उसे रीवा रेफर कर दिया, लेकिन रास्ते में ही मासूम ने दम तोड़ दिया।

घटना की जानकारी मिलते ही ब्यौहारी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कार सहित चालक को अपने कब्जे में ले लिया। पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की जांच शुरू कर दी है। 

नाबालिग बालिका से दुष्कर्म के दो आरोपी गिरफ्तार, रेत से भरा ट्रैक्टर ट्रॉली को वन विभाग ने किया जप्त


अनूपपुर

जिले के थाना करन पठार पुलिस द्वारा नाबालिग बालिका के साथ दुष्कर्म के दो आरोपीयों को ग्राम देवरी से गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया।

15 वर्षीय नाबालिग बालिका द्वारा अपने माता पिता के साथ थाना करनपठार अनूपपुर पहुंचकर रिपोर्ट दर्ज कराई गई कि रिस्तेदारी में शादी के कार्यक्रम के दौरान आरोपी प्रकाश सिंह पिता मधुर सिंह , नान्हू सिंह पिता गोकुल सिंह मरावी दोनो निवासी देवरी थाना करनपठार जिला अनूपपुर के द्वारा नाबालिक बालिका को जबरदस्ती नान्हू सिंह के घर ले जाकर  बन्द कमरे में जबरदस्ती ले जाकर जान से मारने की धमकी देकर आरोपी प्रकाश सिंह द्वारा नाबालिग बालिका के साथ शारीरिक दुष्कर्म किया गया है। उक्त रिपोर्ट पर थाना करनपठार अनूपपुर में अप. क्र. 170/26 धारा 96,64(2)(i),64(2)(j),65(1),142,351(3) बीएनएस  ¾ पक्सो एक्ट पंजीबद्ध किया गया।

*अवैध रेत परिवहन में ट्रैक्टर ट्रॉली जप्त*


अनूपपुर जिले के वन परिक्षेत्र बिजुरी में वन अपराध के खिलाफ लगातार कार्यवाही जारी है।  इसी क्रम में बेलगांव बीट के वन क्षेत्र में रेत के अवैध उत्खनन परिवहन में संलग्न ट्रैक्टर ट्रॉली कों जप्त कर वन अपराध दर्ज किया गया ।

मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई की बीट बेलगांव के कक्ष RF 529 कनई नदी से ट्रैक्टर ट्रॉली के द्वारा रेत का उत्खनन कर परिवहन किया जा रहा है। मुखबिर की सूचना पर टीम गठित कर मौक़ा स्थल पर भेजा गया। टीम के द्वारा स्वराज कम्पनी का सोल्ड ट्रैक्टर ट्रॉली को घेरा बंदी कर वन क्षेत्र में उत्खनन स्थल पर रोक कर रेत उत्खनन एवं परिवहन के संबंध में वैध दस्तावेजों की मांगने पर वाहन चालक रंजीत सिंह पिता बुद्धू सिंह निवासी सरई नाका थाना बिजुरी द्वारा रेत उत्खनन परिवहन के संबंध में कोई भी वैध दस्तावेज़ प्रस्तुत नहीं किए जाने की दशा में वन अधिकारियों को सूचित कर प्राप्त निर्देशानुसार वाहन चालक के खिलाफ वन अपराध दर्ज कमाक 4728/13 दर्ज कर नियमानुसार कार्यवाही करते ट्रैक्टर ट्रॉली कों जप्त कर वन परिक्षेत्र कार्यालय बिजुरी लाया गया। आरोपी वाहन चालक एवं वाहन मालिक के विरुद्ध प्रथम दृष्टया वन अपराध कारित किए जाने पर भारतीय वन अधिनियम 1927 की वन अपराध दर्ज किया गयं

किसानों ने 11 घंटे तक किया सड़क जाम, लिखित आश्वासन के बाद खुला जाम, जनता परेशान, प्रशासन रहा नतमस्तक

*गेहूं खरीदी व बिजली सप्लाई को लेकर, किसान एकता संघ का बड़ा आंदोलन*


अनूपपुर 

अनूपपुर जिला मुख्यालय के अंडर ब्रिज के पास बीते 11 घंटे से लगे जाम से अब जिले वासियों को राहत मिल चुकी है दोपहर 12:00 से लगा जाम लगभग रात्रि 11:00 बजे जाकर खुला है। किसानों के लगातार संघर्ष और दबाव के आगे जिला प्रशासन झुक गया और किसानों की बातें मानी गई, किसानों को लिखित आश्वासन दिया गया है कि उनका गेहूं खरीदा जाएगा और उन्हें 24 घंटे बिजली भी प्रदान की जाएगी, इसके बाद जिले भर के किसानों और आमजन को काफी राहत मिल गई है। अब देखना यह होगा की कितनी जल्दी किसानों को किए गए वादे का लाभ मिलता है और प्रशासन अपने वादे को पूरा करता है।

*यह था मामला*


गेहूं खरीदी एवं बिजली की सप्लाई को लेकर किसानों का जिला मुख्यालय अनूपपुर में आज 25 मई को जोरदार सफल प्रदर्शन हुआ, सैकड़ो की संख्या में ट्रैक्टर लेकर किसान जिला मुख्यालय पहुंचे।

अनूपपुर में किसानों ने अपनी विभिन्न मांगों को लेकर विशाल रैली एवं धरना प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में किसान हाथों में तिरंगा और बैनर लेकर सड़कों पर उतरे तथा प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शन में शामिल किसानों ने समर्थन मूल्य, खाद-बीज की व्यवस्था, बिजली समस्या, सिंचाई सुविधाओं और किसानों के हित से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।

जहां किसानों ने सरकार और प्रशासन तक अपनी आवाज पहुंचाने की कोशिश की। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि लंबे समय से उनकी समस्याओं का समाधान नहीं किया जा रहा है, जिससे किसानों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। कई किसानों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन और उग्र किया जाएगा।

धरना स्थल पर किसान नेताओं ने कहा कि किसानों को फसल का उचित मूल्य नहीं मिल रहा, वहीं बिजली कटौती और सिंचाई संकट ने खेती को प्रभावित किया है। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीण क्षेत्रों से भी किसान पहुंचे, जिससे माहौल पूरी तरह आंदोलनमय नजर आया।

*नियम विरुद्ध लगाया जाम, प्रशासन रहा नतमस्तक*

सुप्रीम कोर्ट के स्पष्ट आदेश के अनुसार, किसी भी सार्वजनिक मार्ग, राष्ट्रीय राजमार्ग या सार्वजनिक स्थान को अनिश्चितकाल के लिए जाम करना या अवरुद्ध करना गैरकानूनी है। न्यायालय ने माना है कि विरोध-प्रदर्शन करने का अधिकार संविधान के तहत मौलिक है, लेकिन इसे दूसरों के आवागमन के अधिकार और सार्वजनिक सुरक्षा की कीमत पर लागू नहीं किया जा सकता है। लगभग 11 घंटे मुख्य मार्ग किसानो ने जाम कर रखा था, जो की नियम विरुद्ध था, आम जनता इस जाम से पूरी तरह परेशान दिखी, उसके बाद भी पुलिस प्रशासन किसानों के जाम के सामने पूरी तरह नतमस्तक दिखा, जिला मुख्यालय में बैठे आला अधिकारी किसानों के सामने बेबस नजर आए, जब लिखित में मांगे मानी गई तक जाकर जाम खुला। 

रात घर में घुसा बाघ, महिला को उतारा मौत के घाट, गुस्साए ग्रामीणों ने रेंजर का सिर फोड़ा, इलाके में भारी तनाव


उमरिया

जिले के बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व से दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है। पनपथा रेंज में देर रात एक बाघ ने घर में घुसकर महिला पर हमला कर दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग घायल हैं। घटना से नाराज ग्रामीणों ने वन अधिकारियों को बंधक बनाकर उनके साथ मारपीट की है।

देर रात करीब 3 बजे एक बाघ दीवार लांघकर सीधे घर के अंदर घुस गया और सो रही 48 वर्षीय फूल बाई पाल पर हमला कर दिया, जिससे उनकी मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई। इसके बाद बाघ ने पास के ही खेरवा टोला में भी हमला किया, जिसमें दशईया पाल समेत तीन अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हो गए।

इस घटना के बाद वन विभाग की टीम के समय पर न पहुंचने से ग्रामीण बेहद आक्रोशित हो गए। सुबह जब टीम मौके पर पहुंची, तो ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा। उग्र भीड़ ने पनपथा रेंजर प्रतीक श्रीवास्तव के साथ मारपीट की, जिससे उनके सिर पर गंभीर चोटें आई हैं। यही नहीं, ग्रामीणों ने महिला रेंजर अंजू वर्मा को भी बंधक बना लिया। मौके पर पहुंची कांग्रेस नेत्री और जनपद सदस्य रोशनी सिंह धुर्वे ने ग्रामीणों को समझाने और रेंजर को मुक्त कराने की कोशिश की, लेकिन हालात तनावपूर्ण बने हुए हैं।

घटना के कई घंटों बाद भी गांव में दहशत और तनाव का माहौल है। ग्रामीणों के अनुसार, मृतका फूल बाई का शव अभी भी घर के भीतर ही है और बाघ घर के आसपास ही डटा हुआ है। मौके पर इंदवार पुलिस बल तैनात है, लेकिन ग्रामीणों के गुस्से के आगे प्रशासनिक अमला बेबस नजर आ रहा है।

पनपथा के एसडीओ भूरा गायकवाड़ ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कहा कि वे फिलहाल मौके पर कानून-व्यवस्था संभालने में जुटे हुए हैं और स्थिति नियंत्रण में आने के बाद ही आगे की जानकारी दे पाएंगे। घायलों को इलाज के लिए अस्पताल भिजवाया गया है, वहीं वन विभाग और पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ग्रामीणों को शांत कराने का प्रयास कर रहे हैं।

जीआरपी ने ट्रेन से 4 लाख का गाँजा किया जब्त, एक आरोपी गिरफ्तार, मामला दर्ज


शहडोल

शहडोल जीआरपी ने संपर्क क्रांति एक्सप्रेस में बड़ी कार्रवाई करते हुए दो मजबूत विमल ब्रांड के बैगों में छिपाकर ले जाए जा रहे करीब 41 किलो गांजे को जब्त कर एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। बरामद गांजे की कीमत लगभग 4 लाख रुपये आंकी गई है। गौरतलब है कि ट्रेनों के जरिए गांजा तस्करी का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले भी शहडोल जीआरपी कई बार ट्रेनों में कार्रवाई कर गांजा तस्करों को गिरफ्तार कर चुकी है और बड़ी मात्रा में मादक पदार्थ जब्त किए जा चुके हैं। 

भारत सरकार के गृह मंत्रालय के निर्देश पर एनडीपीएस एक्ट के तहत चलाए जा रहे विशेष अभियान के दौरान जीआरपी पुलिस ट्रेनों की सघन जांच कर रही थी। इसी दौरान संपर्क क्रांति एक्सप्रेस के जनरल कोच में एक युवक दो मजबूत विमल ब्रांड के बैग लेकर बैठा दिखाई दिया, पुलिस टीम को देखते ही युवक घबराने लगा, जिससे जवानों को उस पर संदेह हुआ। 

तलाशी के दौरान दोनों बैगों से भारी मात्रा में गांजा बरामद हुआ। पूछताछ में आरोपी की पहचान अमर मिश्रा (25 वर्ष), निवासी गाजियाबाद के रूप में हुई। प्रारंभिक जांच में सामने आया कि वह छत्तीसगढ़ के रायपुर से गांजे की खेप लेकर उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जा रहा था। जीआरपी ने आरोपी को गिरफ्तार कर एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज कर लिया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि गांजे की खेप किस गिरोह से प्राप्त की गई थी और इसे आगे किसे सप्लाई किया जाना था,जांच एजेंसियां तस्करी से जुड़े अन्य लोगों की भी तलाश कर रही हैं।

शहडोल जीआरपी ने बताया कि संपर्क क्रांति ट्रेन की भी जांच की जा रही थी। तभी जनरल कोच के पीछे की सीट पर दो झोला लेकर बैठा एक युवक जीआरपी को देखकर विचलित होने लगा। संदेह होने पर जांच की गई तो दोनों झोला में गांजा मिला।

ग्रामीण प्रतिबंधित मार्ग पर सीमेंट से लदा ट्रक घुसा, पुलिया नाली हुई क्षतिग्रस्त, ग्रामीणों में आक्रोश

*सीमेंट कंपनी व डीलर की लापरवाही, कार्यवाही की मांग*


अनूपपुर

प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना (PMGSY) होकर बेलिया बड़ी ग्राम पंचायत में ग्रामीणों के आवागमन के लिए जल संसाधन विभाग द्वारा एक पुलिया का निर्माण कराया गया था, उस पुलिया व गांव की नाली को एक सीमेंट से लदे भारी ट्रक MP 19 HA 5669 ने क्षतिग्रस्त कर दिया। यह सीमेंट का ट्रक हमेशा ग्राम पंचायत में सीमेंट खाली करने आता है। घटना के बाद क्षेत्र के ग्रामीणों में भारी नाराजगी व्याप्त है। ग्रामीणों का आरोप है कि संबंधित मार्ग पर भारी वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह प्रतिबंध होने के बावजूद सीमेंट कंपनी के ट्रक लगातार इस सड़क का उपयोग कर रहे हैं, जिससे सड़क और पुलिया की संरचना को नुकसान पहुंच रहा है। 

यह पुलिया ग्रामीणों की आवागमन सुविधा को ध्यान में रखते हुए बनाई गई थी। पुलिया की भार वाहन क्षमता सीमित होने के कारण इस मार्ग पर भारी वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगाया गया था। इसके बावजूद स्थानीय सीमेंट डीलर तक माल पहुंचाने के लिए सीमेंट कंपनी के बड़े ट्रक नियमित रूप से इस मार्ग से गुजरते रहे हैं।

ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग कर चुकी है की अगर भारी वाहनों का आवागमन नहीं रोका गया तो सड़क और पुलिया को गंभीर नुकसान हो सकता है। लेकिन शिकायतों के बावजूद कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। परिणामस्वरूप हाल ही में सीमेंट से भरा एक भारी ट्रक पुलिया से गुजरते समय उसकी संरचना को नुकसान पहुंचा गया।

घटना के बाद पुलिया में दरारें और अन्य क्षति के निशान दिखाई देने लगे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि यदि समय रहते मरम्मत नहीं कराई गई तो पुलिया की स्थिति और अधिक खराब हो सकती है, जिससे कभी भी बड़ा हादसा होने की आशंका बनी रहेगी। ग्रामीणों ने बताया कि इस मार्ग से प्रतिदिन बड़ी संख्या में लोग, किसान, छात्र और दोपहिया वाहन चालक आवागमन करते हैं। पुलिया क्षतिग्रस्त होने से उनकी सुरक्षा पर भी खतरा मंडरा रहा है।

ग्रामीणों का आरोप है कि सीमेंट कंपनी और स्थानीय डीलर की सुविधा के लिए नियमों की अनदेखी की जा रही है। जबकि सड़क पर भारी वाहनों के प्रवेश निषेध संबंधी स्पष्ट निर्देश मौजूद हैं। इसके बावजूद बड़े ट्रकों का लगातार आवागमन प्रशासनिक निगरानी और नियमों के पालन पर सवाल खड़े करता है। लोगों का कहना है कि यदि प्रतिबंधित मार्ग पर ट्रकों का प्रवेश रोका जाता तो पुलिया को नुकसान नहीं पहुंचता।

घटना के बाद ग्रामीणों ने संबंधित विभागों से क्षतिग्रस्त पुलिया का तत्काल निरीक्षण कराने और उसकी मरम्मत करवाने की मांग की है। साथ ही उन्होंने पुलिया को नुकसान पहुंचाने वाले ट्रक मालिक, परिवहन कंपनी तथा संबंधित जिम्मेदार पक्षों के खिलाफ कार्रवाई करने की भी मांग उठाई है। ग्रामीणों का कहना है कि पुलिया की मरम्मत का खर्च दोषी पक्ष से वसूला जाना चाहिए ताकि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों पर अंकुश लगाया जा सके।

अवैध शराब निर्माण में पुलिस का छापा, 84 हजार का सामान जप्त, आतंक मचाने वाला हाथी जंजीरो में कैद


अनूपपुर

जिले के थाना रामनगर के ग्राम झीमर, डूमरकछार क्षेत्र में अवैध महुआ शराब निर्माण में प्रयुक्त कच्चे माल पर बड़ी कार्यवाही करते हुए भारी मात्रा में लाहन, गुड़ एवं सूखा महुआ जप्त किया गया।

मुखबिर से सूचना प्राप्त हुई कि नगर परिषद क्षेत्र डूमरकछार वार्ड क्रमांक 12 स्थित एक मकान में अवैध रूप से महुआ लाहन रखा हुआ है तथा कमरे में ताला बंद है। सूचना पर थाना रामनगर पुलिस द्वारा तत्काल मौके पर पहुँचकर नगर परिषद उपाध्यक्ष एवं अन्य गवाहों की उपस्थिति में दबिश दी गई।

मौके पर कमरे का ताला खोलकर तलाशी लेने पर 72 डिब्बों में भरा कुल 432 किलोग्राम महुआ लाहन कीमत ₹21,600/-, 54 कार्टून में रखा कुल 810 किलोग्राम गुड़ कीमत ₹40,500/- एवं 18 जूट बोरियों में रखा कुल 450 किलोग्राम सूखा महुआ कीमत ₹22,500/- बरामद किया गया। जप्त मशरूका की कुल कीमत ₹84,600/- आंकी गई है।

पुलिस द्वारा समक्ष गवाहों के विधिवत जप्ती पंचनामा तैयार कर सम्पूर्ण मशरूका जप्त किया गया तथा महुआ लाहन का नियमानुसार नष्टीकरण कराया गया। प्रथम दृष्टया आरोपी द्वारा अवैध महुआ शराब निर्माण हेतु उक्त सामग्री संग्रहित करना पाए जाने पर थाना रामनगर में अपराध क्रमांक 131/26 धारा 34(1)(f) आबकारी एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।

*दो जिलो में आतंक मचाने वाला हाथी को वन विभाग की रेस्क्यू टीम ने जंजीरो में जकड़ा*


शहडोल अनूपपुर और शहडोल जिले के ग्रामीण इलाकों में पिछले करीब डेढ़ महीने से दहशत का कारण बना बिगड़ैल दंतैल हाथी आखिरकार वन विभाग की पकड़ में आ गया। शनिवार को केशवाही वन परिक्षेत्र के बेलिया और रामपुर जंगल क्षेत्र में चले विशेष अभियान के दौरान बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व की रेस्क्यू टीम ने हाथी को सफलतापूर्वक काबू कर लिया। और उसे बांधवगढ़ ले जाया गया है।

गौरतलब है कि शुक्रवार को रेस्क्यू अभियान के दौरान दंतैल हाथी ने पिंजरे को पलट दिया था और बाहर निकलकर जंगल की ओर भाग गया था। इसके बाद वन विभाग ने पूरी रात निगरानी रखी और शनिवार को दोबारा अभियान चलाकर हाथी को नियंत्रित करने में सफलता हासिल की। वन विभाग के अनुसार यह हाथी पिछले डेढ़ महीने से लगातार गांवों में घुसकर उत्पात मचा रहा था। हाथी के हमले में अब तक 4 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 8 पालतू मवेशी भी मारे गए। दो बच्चों समेत तीन लोग घायल हुए हैं। 

वन अधिकारियों के मुताबिक 18 से 22 वर्ष उम्र का यह दंतैल हाथी मूल रूप से छत्तीसगढ़ के कटघोरा वन क्षेत्र के हाथियों के दल का हिस्सा था। माना जा रहा है कि झुंड से अलग होने के बाद वह मरवाही होते हुए 2 अप्रैल को मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले में दाखिल हुआ था

दिन दहाड़े घर का ताला तोड़कर 8 लाख की चोरी, अस्पताल में मासूम की मौत, परिजनों ने डॉक्टर से की मारपीट


शहडोल 

जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र में चोरी की घटनाएं थमने का नाम नहीं ले रही हैं। रिटायर शिक्षक के घर हुई 75 लाख की चोरी के बाद अब बदौडी गांव में दिनदहाड़े लाखों रुपये के जेवर और नकदी चोरी होने से ग्रामीणों में दहशत फैल गई है।

जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र में चोरी की घटनाएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। हाल ही में कोटरी गांव में रिटायर शिक्षक के घर हुई करीब 75 लाख रुपये की चोरी का खुलासा अभी तक नहीं हो पाया है। इसी बीच अब बदौडी गांव में दिनदहाड़े एक और बड़ी चोरी की वारदात सामने आने से इलाके में दहशत का माहौल बन गया है। ग्रामीणों ने पुलिस गश्त और कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।

जानकारी के अनुसार बदौडी गांव निवासी तारावती सिंह शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे तबीयत खराब होने के कारण अपने देवर के साथ इलाज कराने शहडोल अस्पताल गई थीं। उनके पति बाहर रहते हैं, जिसके चलते घर सूना था। शाम को जब वे वापस लौटीं तो घर के मुख्य दरवाजे का ताला टूटा मिला। अंदर जाकर देखा तो पूरा सामान बिखरा पड़ा था और अलमारी व पेटियों के ताले टूटे हुए थे।

पीड़िता के मुताबिक चोर घर में रखे करीब दो तोला सोने के जेवर, लगभग दो किलो चांदी के आभूषण और पीतल व फूल के करीब 15 नग बर्तन चोरी कर ले गए। चोरी गए सामान की कीमत करीब 8 लाख रुपये बताई जा रही है। सबसे बड़ी बात यह है कि वारदात गांव की बस्ती के बीच स्थित मकान में दिनदहाड़े हुई, जिससे ग्रामीणों में भय और नाराजगी दोनों बढ़ गई है।

पीड़िता ने शुक्रवार रात ही जैतपुर थाने में शिकायत दर्ज कराई लेकिन शनिवार सुबह तक पुलिस टीम घटनास्थल का निरीक्षण करने नहीं पहुंची थी। इसे लेकर ग्रामीणों में आक्रोश है। लोगों का कहना है कि क्षेत्र में लगातार चोरी की घटनाएं हो रही हैं, लेकिन पुलिस न तो गश्त बढ़ा रही है और न ही पुराने मामलों का खुलासा कर पा रही है। लगातार दूसरी बड़ी चोरी के बाद अब लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

*अस्पताल में उपचार के दौरान मासूम की मौत पर परिजनो का हंगामा, डॉक्टर से की मारपीट*


शहडोल जिले के ब्यौहारी सिविल अस्पताल में सात माह की मासूम बच्ची की उपचार के दौरान मौत हो जाने के बाद परिजनों ने जमकर हंगामा किया। ड्यूटी डॉक्टर के साथ मारपीट कर दी। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करते हुए जांच शुरू कर दी। पुलिस ने बच्ची की मौत के मामले में मर्ग कायम किया है, वहीं डॉक्टर की शिकायत पर परिजनों के खिलाफ भी विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।

पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, दिव्या सिंह पिता मनोज सिंह उम्र सात माह निवासी ग्राम पथरेही थाना पपौंध को तेज बुखार की शिकायत होने पर परिजन उपचार के लिए सिविल अस्पताल ब्यौहारी लेकर पहुंचे थे। बताया गया कि अस्पताल में प्राथमिक जांच के बाद डॉक्टरों ने बच्ची की हालत गंभीर देखते हुए उसे हायर सेंटर रेफर कर दिया। इसी दौरान अस्पताल में उपचार के बीच कुछ देर बाद मासूम की मौत हो गई।

बच्ची की मौत से गुस्साए परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। आरोप है कि परिजनों ने ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर से गाली-गलौज करते हुए मारपीट की। घटना देख अस्पताल कर्मचारियों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने समझाइश देकर मामला शांत कराया।

इस मामले में पुलिस ने मृत बच्ची की मौत को लेकर मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है ताकि मौत के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा सके। वहीं दूसरी ओर ड्यूटी डॉक्टर विकास गुप्ता की शिकायत पर पुलिस ने मनोज एवं मुन्ना के खिलाफ शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाने, गाली-गलौज और मारपीट करने की धाराओं में मामला दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।

थाना प्रभारी जिया उल हक ने बताया कि बच्ची की मौत के बाद अस्पताल में डॉक्टर के साथ मारपीट की घटना हुई है। दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर कार्रवाई करते हुए जांच की जा रही है।

नाबालिग युवती के मौत का चश्मदीद नाबालिक युवक की ट्रेन से कटकर की संदेहास्पद मौत, पुलिस जाँच में जुटी


अनूपपुर

जिले के बिजुरी थाना अंतर्गत नाबालिग युवती की संदेहास्पद मौत के बाद नाबालिग फरियादी और घटना के चश्मदीद की भी संदेहास्पद तरीके से मौत हो गई है। बीते दिनों देर रात बिजुरी के कोरजा कॉलरी के पीछे नाबालिग लड़की के साथ हुआ था दुष्कर्म का प्रयास और हत्या, आम जन ने गैंगरेप होने की आशंका जताई थी, घटना के बाद पुलिस नाबालिग से पूछतांछ कर रही थी, घटना 17 वर्षीय अमन यादव, पूरा घटनाक्रम का चश्मदीद गवाह था अब पुलिस की कार्यवाही पर खड़े कर रहे सवाल, नाबालिग बालक की ट्रेन से कटकर कथित रूप संदेहास्पद तरीके से मौत हुई है। घटना माइन्स कॉलोनी के पास बिजुरी रेलवे लाइन पर बताई जा रही है। आरपीएफ और स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए मनेंद्रगढ़ जिला चिकित्सालय भेज दिया है। पुलिस मामले की गहन जांच में जुटी है। क्षेत्र में चर्चाओं का बाजार गर्म है। पुलिस की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े हो रहें है। पूरे मामले में सीबीआई जांच की मांग की जा रही है।

ज्ञात हो की दिनांक 20 मई 2026 को एक 17 वर्षीय नाबालिग बालक ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह अपनी एक महिला मित्र सुमन (परिवर्तित नाम, उम्र 20 वर्ष) के साथ शाम करीब 7:30 बजे कोरजा कालरी बाउंड्री के पास, रेलवे लाइन रोड पर एक सुनसान बरगद पेड़ के नीचे बैठा था।

इसी दौरान दो अज्ञात बदमाश वहां पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए युवती के साथ अश्लील हरकत और जबरदस्ती करने लगे। जब नाबालिग साथी ने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने उसके सिर पर पत्थर से हमला कर दिया। बदमाशों ने मृतिका को घसीटकर पास की नाली के पास ले जाकर अर्धनग्न कर दिया।

घायल होने के बावजूद नाबालिग बालक ने आरोपियों से मुकाबला किया और हाथापाई के दौरान एक आरोपी के सीने पर दांत से काट लिया। शोर मचने पर दोनों आरोपी वहां से भाग निकले, लेकिन जाते समय वे नाबालिग का रियलमी मोबाइल स्कूटी की चाबी और मृतिका का लोवर लूटकर भाग गए थे।

तेज रफ्तार व ओवरलोडिंग से भीषण सड़क हादसा, स्कॉर्पियो पलटी, 2 महिलाओं की मौत, 10 घायल

*दशगात्र कार्यक्रम से लौट रहा था एक ही परिवार*


अनूपपुर/कोतमा

जिले के रामनगर थाना क्षेत्र अंतर्गत आमाडाड के पास स्टेट हाईवे पर 21-22 मई की दरमियानी रात में अत्यंत भीषण सड़क हादसा हो गया। तेज रफ्तार स्कॉर्पियो वाहन क्रमांक MP 65 BB 0776) अचानक अनियंत्रित होकर सड़क पर पलट गया और कई बार पलटते हुए सड़क किनारे जा गिरा। इस दर्दनाक हादसे में एक ही परिवार के 10 लोग घायल हो गए, जबकि इलाज के दौरान दो महिलाओं की मौत हो गई।

जानकारी के अनुसार स्कॉर्पियो में सवार सभी लोग एक ही परिवार के सदस्य थे, जो अपने रिश्तेदार के यहां आयोजित दशगात्र (तीजा) कार्यक्रम में शामिल होकर वापस लौट रहे थे। जैसे ही वाहन आमाडाड मार्ग के तीखे मोड़ के पास पहुंचा, उसी दौरान तेज रफ्तार के कारण चालक का वाहन पर नियंत्रण पूरी तरह से बिगड़ गया और स्कॉर्पियो पलटती चली गई। हादसा इतना भयावह था कि वाहन के पलटते ही मौके पर चीख-पुकार मच गई और कुछ ही पलों में पूरा इलाका दहशत और अफरा-तफरी में बदल गया।

हादसे के बाद आसपास के ग्रामीण बड़ी संख्या में घटनास्थल पर पहुंचे और तुरंत राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया। ग्रामीणों ने वाहन में फंसे घायलों को बाहर निकालने में मदद की और पुलिस को सूचना दी। सूचना मिलते ही रामनगर थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची और स्थिति को संभाला।

घटनास्थल की प्रारंभिक जानकारी के अनुसार हादसे के पीछे ओवरस्पीडिंग और ओवरलोडिंग को भी प्रमुख कारण माना जा रहा है। आमाडाड मार्ग के तीखे मोड़ पर स्कॉर्पियो की गति सीमा से कहीं अधिक रफ्तार थी। इसके साथ ही वाहन में उसकी निर्धारित क्षमता (7–9 सीट) से अधिक लगभग 14 लोग सवार थे, जिससे मोड़ पर अचानक ब्रेक लगाने या मोड़ने के दौरान वाहन का संतुलन पूरी तरह बिगड़ गया और यह दर्दनाक दुर्घटना हो गई।

थाना प्रभारी सुमित कुमार कौशिक के नेतृत्व में पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर स्थानीय लोगों के सहयोग से राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया। गंभीर रूप से घायल सभी लोगों को डायल 112 एवं अन्य साधनों की मदद से तत्काल नजदीकी अस्पताल भिजवाया गया, जहां उनका उपचार प्रारंभ किया गया।

इस हादसे में घायल हेमवती पाव (39 वर्ष), पति अर्जुन सिंह पाव की इलाज के दौरान आमाखेरवा अस्पताल, मनेंद्रगढ़ में मृत्यु हो गई, जबकि माया पाव (35 वर्ष), पति रमेश पाव, निवासी डोला की बिजुरी अस्पताल में उपचार के दौरान मौत हो गई। अन्य घायलों का अलग-अलग अस्पतालों में उपचार जारी है, जिनमें कुछ की हालत गंभीर बताई जा रही है।

रेस्क्यू के दौरान उग्र हुआ हाथी पिंजरा तोड़कर जंगल की ओर भागा, मची भगदड़, फिर चलेगा अभियान


शहडोल

शहडोल और अनूपपुर जिले में डेढ़ महीने से दहशत फैला रहे बिगड़ैल हाथी को पकड़ने की कोशिश शुक्रवार को नाकाम हो गई। रेस्क्यू के दौरान हाथी अचानक उग्र हो गया और पिंजरा पलटकर जंगल की ओर भाग निकला, जिससे मौके पर अफरा-तफरी मच गई। 

जिले के केशवाही वन परिक्षेत्र के बेलिया क्षेत्र में पिछले चार दिनों से बिगड़ैल हाथी को पकड़ने के लिए वन विभाग की टीम लगातार अभियान चला रही है। शुक्रवार सुबह रेस्क्यू के दौरान बड़ा हादसा होते-होते टल गया, जब बिगड़ैल हाथी पिंजरा तोड़कर जंगल की ओर भाग निकला। घटना के समय मौके पर वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बांधवगढ़ और संजय गांधी टाइगर रिजर्व की रेस्क्यू टीम मौजूद थी।

जानकारी के अनुसार चार प्रशिक्षित हाथियों की मदद से बिगड़ैल हाथी को कैंप तक लाया गया। जैसे ही उसे पिंजरे के अंदर किया गया, हाथी अचानक आक्रोशित हो गया और उसने पिंजरे को पलट दिया। हाथी के उग्र रूप को देखकर मौके पर मौजूद रेस्क्यू दल और अधिकारियों में अफरा-तफरी मच गई। करीब दो दर्जन से अधिक कर्मचारियों ने भागकर अपनी जान बचाई।

वन विभाग ने हाथी को काबू करने के लिए तीन बार ट्रैंकुलाइजर डोज भी दी लेकिन प्रयास विफल रहा और हाथी जंगल की ओर भाग निकला। घटना में पिंजरा क्षतिग्रस्त हो गया, जिसे मरम्मत के लिए बुढार भेजा गया है।

वन विभाग के मुताबिक बिगड़ैल हाथी पिछले डेढ़ महीने से शहडोल और अनूपपुर जिले के गांवों में लगातार उत्पात मचा रहा है। हाथी के हमले में अब तक चार लोगों और आठ मवेशियों की मौत हो चुकी है, जबकि दो बच्चों समेत तीन लोग घायल हुए हैं। वन संरक्षक महेंद्र प्रताप सिंह ने बताया कि रेस्क्यू के दौरान ऐसी घटनाएं सामान्य हैं। टीम दोबारा तैयारी में जुटी है और शनिवार को फिर अभियान चलाया जाएगा।

जहरीले कीटनाशक व रसायन युक्त पदार्थों के सेवन से 5 गौवंशों की हुई मौत, ग्रामीणों में आक्रोश, कार्यवाही की माँग


शहडोल 

जिले के सिंहपुर थाना क्षेत्र में उस समय हड़कंप मच गया, जब कटहा नाला के पास स्थित खेतों के आसपास 5 से अधिक गौवंश मृत अवस्था में मिले। आरोप है कि सब्जी फार्मिंग में उपयोग किए गए कीटनाशक और रसायन युक्त पदार्थों के सेवन से गौवंशों की मौत हुई है। घटना के बाद पशुपालकों और ग्रामीणों में भारी आक्रोश है तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग तेज हो गई है। एक साथ 5 से अधिक गौवंशों की मौत ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है। पशुपालकों को हुए भारी नुकसान के बीच ग्रामीण अब जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई और उचित मुआवजे की मांग कर रहे हैं। फिलहाल पुलिस और संबंधित विभाग मामले की जांच में जुटे हैं। जांच रिपोर्ट के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा। 

जिले के सिंहपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत सिंहपुर-बोड़री मार्ग पर कटहा नाला के पास स्थित एक खेत में दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां संदिग्ध परिस्थितियों में 5 से अधिक गौवंशों की मौत हो गई। घटना के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया है और स्थानीय ग्रामीणों में भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने मामले में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए सिंहपुर थाने का रुख किया। स्थानीय लोगों का आरोप है कि क्षेत्र में सब्जी फार्मिंग का कार्य करने वाले एक किसान द्वारा खेतों में भारी मात्रा में कीटनाशक एवं अन्य रासायनिक पदार्थों का उपयोग किया गया था। बताया जा रहा है कि खेत में पेस्टीसाइड युक्त सामग्री और रसायन मिश्रित पानी खुले में पड़ा हुआ था,इसी जहरीले पदार्थ का सेवन करने अथवा रसायन युक्त पानी पीने से गौवंशों की मौत हुई है।

घटना में किसान हेमराज पटेल, रुद्र बैगा, परवी बाई, राधा पटेल सहित अन्य ग्रामीणों के मवेशियों की मौत होने की बात सामने आई है। एक साथ इतनी बड़ी संख्या में गौवंशों की मौत से पशुपालकों को भारी आर्थिक नुकसान पहुंचा है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि खेत में उपयोग किए जा रहे रसायनों का सुरक्षित निस्तारण किया जाता तो यह घटना टाली जा सकती थी। घटना की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर एकत्र हो गए, मृत गौवंशों को देखकर लोगों में गहरा आक्रोश देखा गया, ग्रामीणों ने संबंधित किसान की लापरवाही को इस हादसे का जिम्मेदार बताते हुए प्रशासन से निष्पक्ष जांच और कठोर कार्रवाई की मांग की है। 

फिलहाल मामले की शिकायत सिंहपुर थाने में की गई है। पुलिस और संबंधित विभागीय अधिकारियों द्वारा घटना की जांच की जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही गौवंशों की मौत के वास्तविक कारणों का स्पष्ट खुलासा हो सकेगा। 

युवती की हत्या व लूट के दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार, लूटा गया मोबाइल जप्त


अनूपपुर

जिले के बिजुरी पुलिस ने एक महिला की अंधी हत्या और लूट के मामले का महज 06 घंटे के भीतर खुलासा करते हुए दोनों मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।

17 वर्षीय नाबालिग बालक ने थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई कि वह अपनी एक महिला मित्र सुमन (परिवर्तित नाम, उम्र 20 वर्ष) के साथ शाम करीब 7:30 बजे कोरजा कालरी बाउंड्री के पास, रेलवे लाइन रोड पर एक सुनसान बरगद पेड़ के नीचे बैठा था।

इसी दौरान दो अज्ञात बदमाश वहां पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए युवती के साथ अश्लील हरकत और जबरदस्ती करने लगे। जब नाबालिग साथी ने इसका विरोध किया, तो आरोपियों ने उसके सिर पर पत्थर से हमला कर दिया। बदमाशों ने मृतिका को घसीटकर पास की नाली के पास ले जाकर अर्धनग्न कर दिया।

घायल होने के बावजूद नाबालिग बालक ने आरोपियों से  मुकाबला किया और हाथापाई के दौरान एक आरोपी के सीने पर दांत से काट लिया। शोर मचने पर दोनों आरोपी वहां से भाग निकले, लेकिन जाते समय वे नाबालिग का मोबाइल स्कूटी की चाबी और मृतिका का लोवर ले गए।

गंभीर हालत में पीड़िता को अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहां इलाज के दौरान उसकी मृत्यु हो गई। पुलिस ने शुरुआत में बदमाशों के खिलाफ बीएनएस (BNS) की विभिन्न धाराओं (296(b), 115(2), 74, 75(2), 76, 309(6), 3(5)) के तहत मामला दर्ज किया था। लेकिन पीएम रिपोर्ट और पीड़िता की मौत के बाद मामले में धारा 103(1) बीएनएस (हत्या) का इजाफा कर अज्ञात आरोपियों की तलाश तेज कर दी गई।

पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए घटना के मात्र 6 घंटे के भीतर दो संदिग्धों को हिरासत में लिया। कड़ी पूछताछ में आरोपियों ने अपना जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से लूटा गया मोबाइल फोन और मृतिका का लोवर बरामद कर लिया है। इसके साथ ही घटनास्थल से महत्वपूर्ण जैविक साक्ष्य भी संकलित किए गए हैं।

गिरफ्तार आरोपियों के नाम गोलू कुशवाहा पिता शंकर कुशवाहा (उम्र 32 वर्ष), निवासी: ग्राम कोरेया (हाल छाता मोहल्ला, बिजुरी)। अख्तर अली कुरैशी पिता हिफाजत अली कुरैशी (उम्र 36 वर्ष), निवासी: वार्ड क्र. 12, बिजुरी है। दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जा रहा है।

56 हजार का अवैध मादक पदार्थ गांजा जब्त, दो आरोपियों को पुलिस ने किया गिरफ्तार


अनूपपुर

जिले के थाना जैतहरी पुलिस को पेट्रोलिंग गश्त के दौरान लपटा निगौरा मोड़ स्टेशन रोड से लपटा मेन रोड की ओर आते हुए दो व्यक्ति संदिग्ध अवस्था में मिले। दोनों व्यक्ति अपने साथ काले रंग के बैग लिए हुए थे। पुलिस वाहन को देखकर वे इधर-उधर भागने लगे, जिन्हें पुलिस द्वारा रोककर पूछताछ की गई।

पूछताछ में उन्होंने अपने नाम क्रमश रम्मू चढ़ार पिता स्व. मलखान चढ़ार, उम्र 53 वर्ष, निवासी जुरी कला, तहसील एवं थाना पाटन, जिला जबलपुर। रामदयाल कुम्हार पिता स्व. होरीलाल कुम्हार, उम्र 54 वर्ष, निवासी गाड़ाधार, थाना पाटन, जिला जबलपुर बताया।

दोनों व्यक्तियों की विधिवत तलाशी लेने पर आरोपी रम्मू चढ़ार के काले-नीले रंग के पीठू बैग से अवैध मादक पदार्थ गांजा के 05 पैकेट तथा आरोपी रामदयाल कुम्हार के काले-नीले रंग के पीठू बैग से गांजा के 03 पैकेट बरामद किए गए।

मादक पदार्थ गांजा मिलने पर स्वतंत्र गवाहों की उपस्थिति में पंचनामा कार्यवाही पूर्ण की गई तथा कुल 8.207 किलोग्राम गांजा, जिसकी अनुमानित कीमत लगभग 56,000/- रुपये है, विधिवत जप्त किया गया। उक्त दोनों आरोपियों को विधिवत गिरफ्तार कर उनके विरुद्ध धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है। 

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