शिक्षा का स्तर खराब पर कलेक्टर ने प्रधानाध्यापक को व 9 माह से गैरहाजिर आरक्षक को एसपी ने किया निलंबित
शिक्षा का स्तर खराब पर कलेक्टर ने प्रधानाध्यापक को व 9 माह से गैरहाजिर आरक्षक को एसपी ने किया निलंबित
*दोनो नियमो की उड़ा रहे थे धज्जियां*
शहडोल
विद्यालय में छात्रों की कम उपस्थिति और शिक्षा का स्तर बेहद कमजोर मिलने पर कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने प्रधानाध्यापक को निलंबित कर दिया, तो दूसरी तरफ करीब नौ महीने से अनधिकृत रूप से गैरहाजिर चल रहे आरक्षक पर एसपी डॉ. संजय अग्रवाल ने कार्रवाई करते हुए उसे तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया।
जनपद पंचायत सोहागपुर के शासकीय एकीकृत माध्यमिक विद्यालय पटासी के प्रधानाध्यापक एवं माध्यमिक शिक्षक सौरभ कुमार गुप्ता के खिलाफ यह कार्रवाई की गई है। निलंबन आदेश के अनुसार मुख्यमंत्री जन विश्वास शिविर में ग्रामवासियों और जनप्रतिनिधियों ने शिकायत की थी कि शिक्षक विद्यालयीन समय पर स्कूल नहीं पहुंचते और शिक्षा का स्तर भी अपेक्षित नहीं है।
शिकायत के बाद कलेक्टर पार्थ जायसवाल ने स्वयं विद्यालय का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान छात्रों की उपस्थिति कम और शैक्षणिक गुणवत्ता अत्यंत न्यून पाई गई। आदेश में कहा गया है कि प्रधानाध्यापक द्वारा विद्यालय संचालन और शैक्षणिक गुणवत्ता में सुधार के लिए आवश्यक प्रयास नहीं किए जा रहे थे। इसके बाद कलेक्टर ने उन्हें तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया, निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय, गोहपारू निर्धारित किया गया है।
इधर पुलिस विभाग में आरक्षक क्रमांक 247 नीलेश पटारिया के खिलाफ कार्रवाई हुई है। एसपी डॉ. संजय अग्रवाल के आदेश के मुताबिक आरक्षक 19 दिसंबर 2025 से लगातार अनधिकृत रूप से अनुपस्थित चल रहा था, 18 सितंबर को पुलिस लाइन शहडोल में उपस्थित होने पर उसकी वर्दी और वेशभूषा भी निर्धारित मानकों के अनुरूप नहीं पाई गई।
आदेश में यह भी उल्लेख है कि पूर्व में उसे बुनियादी प्रशिक्षण के लिए पुलिस प्रशिक्षण शाला तिगरा, जिला ग्वालियर भेजने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन वह प्रशिक्षण में भी उपस्थित नहीं हुआ। पुलिस रेगुलेशन के प्रावधानों के तहत इसे अनुशासनहीनता मानते हुए आरक्षक को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया।


