शराब कारोबारी दिग्विजय सिंह सहित चार, पिस्टल, राइफल 200 जिंदा कारतूस, 7.5 लाख नगद सहित गिरफ्तार
*स्कोर्पियो, बाइक व 11 मोबाइल जब्त, मध्यप्रदेश से उत्तरप्रदेश तक नेटवर्क*
शहडोल
राष्ट्रीय राजमार्ग 43 टोल प्लाजा पर पिस्टल लहराने के मामले से चर्चा में आए शराब कारोबारी दिग्विजय सिंह का नाम भी आया सामने, जौनपुर पुलिस की कार्रवाई में हथियार और नकदी बरामद में सामने आया है।
शहडोल जिले से उत्तर प्रदेश के जौनपुर तक अवैध हथियारों के कारोबार की कड़ियां जुड़ने का मामला सामने आया है। जौनपुर पुलिस ने हथियारों की खरीद-फरोख्त के आरोप में पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। इनमें शहडोल जिले के चार युवक शामिल बताए जा रहे हैं। गिरफ्तार आरोपियों में शराब कारोबारी दिग्विजय सिंह भी शामिल हैं, जो पूर्व में राष्ट्रीय राजमार्ग 43 टोल प्लाजा पर पिस्टल लहराने की घटना को लेकर सुर्खियों में आए थे।
जौनपुर पुलिस के अनुसार, 31 अक्टूबर को सुजानगंज थाना क्षेत्र में चेकिंग के दौरान अवैध हथियारों की खेप पहुंचने और सौदेबाजी किए जाने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस ने घेराबंदी कर पांच संदिग्धों को पकड़ा। प्रारंभिक जांच में शुभम सिंह निवासी जौनपुर को कथित तौर पर इस नेटवर्क का मुख्य संचालक बताया गया है। पुलिस के मुताबिक, वह पूर्व में भी हथियारों की खरीद-फरोख्त के मामले में जेल जा चुका है।
गिरफ्तार आरोपियों में दिग्विजय सिंह के अलावा सौरभ सिंह, अनीश सिंह और एक अन्य युवक शामिल हैं। इन चारों का संबंध शहडोल जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र से बताया गया है।
*हथियारों के साथ लाखों रुपये बरामद*
कार्रवाई के दौरान पुलिस ने दो 12 बोर राइफल, एक 45 बोर पिस्टल, ब्राजील निर्मित 9 एमएम पिस्टल, एक 22 बोर राइफल, 12 बोर के 200 जिंदा कारतूस, लगभग 7.50 लाख रुपये नकद, एक स्कॉर्पियो-एन, एक दोपहिया वाहन और 11 से अधिक मोबाइल फोन जब्त किए हैं।
*शहडोल से जौनपुर तक कैसे जुड़ा नेटवर्क*
इस कार्रवाई के बाद कई अहम सवाल खड़े हो रहे हैं। शहडोल के युवकों का जौनपुर में सक्रिय बताए जा रहे हथियारों के नेटवर्क से किस तरह संपर्क हुआ? बरामद हथियार कहां से लाए गए थे और इनकी आपूर्ति किन लोगों तक की जानी थी। क्या इस कारोबार की जड़ें अन्य जिलों तक भी फैली हुई हैं।
फिलहाल इन पहलुओं पर पुलिस की जांच जारी है। जांच पूरी होने के बाद ही अवैध हथियारों के इस कथित नेटवर्क की वास्तविक स्थिति और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।
