अंधविश्वास में महिला की हुई थी हत्या, पुलिस ने दो आरोपियों को गिरफ्तार करके भेजा जेल
अनूपपुर
जैतहरी थाना क्षेत्र की वेंकटनगर पुलिस चौकी से 16 किलोमीटर दूर स्थित केरहा भेलमा गांव में 65 वर्षीय रामबाई गोंड की हत्या के मामले का पुलिस ने मंगलवार को खुलासा करते हुए मृतका के दो भतीजों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
प्रारंभिक जांच में मामला जमीन विवाद से जुड़ा प्रतीत हो रहा था, लेकिन आरोपियों से पूछताछ में हत्या के पीछे अंधविश्वास की वजह सामने आई। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद 35 वर्षीय फूल सिंह गोंड और 25 वर्षीय सुरेश सिंह गोंड के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1), 3 और 5 के तहत मामला दर्ज किया।
पुलिस ने बताया कि मृतका रामबाई के पति सहित परिवार के तीन भाइयों में से एक की मौत वर्ष 2021, दूसरे की वर्ष 2025 और तीसरे की लगभग एक माह पहले हुई थी। आरोपियों में एक दूसरे भाई का पुत्र और दूसरा तीसरे भाई का पुत्र है। परिवार के बीच पहले से जमीन विवाद भी चल रहा था। जांच में सामने आया कि दोनों आरोपी अंधविश्वास के शिकार थे। उनका मानना था कि रामबाई घर में पूजा करती थीं और जो भी कहती थीं, वह सच हो जाता था। आरोपियों के अनुसार, रामबाई ने पहले दोनों देवरों की मृत्यु की बात कही थी और बाद में उनकी पत्नियों के बीमार रहने से उन्हें भय सताने लगा कि अब उनकी पत्नियों और फिर उनकी भी मौत हो जाएगी।
पुलिस के मुताबिक, घटना वाले दिन सुबह रामबाई धान की रोपाई के लिए घर से निकल रही थीं। तभी दोनों भतीजों ने उनसे कथित तौर पर जादू-टोना हटाने की बात कही। रामबाई द्वारा इनकार करने पर दोनों ने गुस्से में उनकी पिटाई कर हत्या कर दी। इसके बाद शव को घर के आंगन में छोड़कर दरवाजा बंद जैसा कर वहां से चले गए।
