99 प्रतिशत हार्ट ब्लॉकेज, गंभीर स्वास्थ्य का हवाला, आसाराम बापू के उपचार के लिए राष्ट्रपति से हस्तक्षेप की मांग
*जन जागरण मंच ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को भेजा पत्र, जोधपुर के आरोग्यधाम आयुर्वेदिक अस्पताल में स्थानांतरित करने और 24 घंटे चिकित्सा देखरेख सुनिश्चित कराने की अपील*
*न्यू दिल्ली से पत्रकार ऊषा माहना*
जोधपुर केंद्रीय कारागार में निरुद्ध 90 वर्षीय संत आसाराम बापू के स्वास्थ्य को लेकर जन जागरण मंच ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को पत्र भेजकर तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। मंच ने पत्र में उनके हृदय में लगभग 99 प्रतिशत ब्लॉकेज होने, पूर्व में कई बार हार्ट अटैक आने तथा अन्य गंभीर बीमारियों से पीड़ित होने का हवाला देते हुए बेहतर चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराने की अपील की है।
जन जागरण मंच के अध्यक्ष हरिशंकर कुमार की ओर से 3 नवंबर 2026 को भेजे गए इस पत्र में मांग की गई है कि आसाराम बापू को उनकी गंभीर स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए जोधपुर स्थित आरोग्यधाम आयुर्वेदिक अस्पताल में स्थानांतरित कर समुचित उपचार की व्यवस्था की जाए। साथ ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की निगरानी में 24 घंटे चिकित्सा देखभाल सुनिश्चित की जाए।
*99 प्रतिशत हार्ट ब्लॉकेज का हवाला देकर जताई चिंता*
राष्ट्रपति को भेजे गए पत्र में मंच ने उल्लेख किया है कि आसाराम बापू अत्यंत वृद्धावस्था में हैं और लंबे समय से कई गंभीर बीमारियों से जूझ रहे हैं। उनके हृदय में लगभग 99 प्रतिशत ब्लॉकेज होने और पूर्व में कई बार हार्ट अटैक आने की जानकारी का हवाला देते हुए कहा गया है कि ऐसी स्थिति में नियमित स्वास्थ्य परीक्षण, विशेषज्ञ हृदय रोग चिकित्सकों की निगरानी और आपातकालीन उपचार की उपलब्धता बेहद जरूरी है।
*सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुरूप 24 घंटे देखभाल की मांग*
पत्र में उच्चतम न्यायालय द्वारा उनकी देखभाल और चिकित्सा व्यवस्था के संबंध में दिए गए निर्देशों का उल्लेख करते हुए कहा गया है कि उनकी आवश्यकताओं के अनुरूप 24 घंटे देखभाल सुनिश्चित की जानी चाहिए।
मंच ने राष्ट्रपति से अनुरोध किया है कि संबंधित अधिकारियों से रिपोर्ट मंगवाकर यह सुनिश्चित कराया जाए कि न्यायालय के निर्देशों के अनुरूप उन्हें आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं मिल रही हैं या नहीं।
*निजी चिकित्सक डॉ. सचित भोला को लेकर भी उठाए सवाल*
पत्र में आसाराम बापू के निजी चिकित्सक डॉ. सचित भोला का भी उल्लेख किया गया है। मंच के अनुसार, राजस्थान उच्च न्यायालय, जोधपुर के आदेश के तहत डॉ. भोला को समय-समय पर केंद्रीय कारागार में जाकर उनका स्वास्थ्य परीक्षण करने की अनुमति दिए जाने का विषय महत्वपूर्ण है।
पत्र में डॉ. सचित भोला द्वारा लगाए गए आरोपों का हवाला देते हुए कहा गया है कि जेल अधीक्षक एवं जेलर की ओर से स्वास्थ्य परीक्षण और चिकित्सा देखभाल में कथित बाधाएं उत्पन्न की जा रही हैं। मंच ने इन आरोपों की निष्पक्ष उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की है।
*विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम और अटेंडेंट की सुविधा का मुद्दा उठाया*
जन जागरण मंच ने पत्र में यह भी कहा है कि आपातकालीन स्थिति में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम को जेल परिसर में प्रवेश की अनुमति मिलने में कथित तौर पर विलंब और कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है।
इसके अतिरिक्त न्यायालय द्वारा स्वीकृत अटेंडेंट की सुविधा निर्बाध रूप से उपलब्ध कराने की मांग भी की गई है, ताकि उनकी दैनिक आवश्यकताओं और देखभाल में सहायता मिल सके।
*आरोग्यधाम आयुर्वेदिक अस्पताल में उपचार कराने की अपील*
पत्र का एक प्रमुख मुद्दा आसाराम बापू को जोधपुर स्थित आरोग्यधाम आयुर्वेदिक अस्पताल में स्थानांतरित कर उपचार उपलब्ध कराने की मांग है। मंच का कहना है कि उनकी गंभीर स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए ऐसी चिकित्सा व्यवस्था आवश्यक है, जहां निरंतर चिकित्सकीय निगरानी और आपातकालीन उपचार की पर्याप्त सुविधाएं उपलब्ध हों।
*जेल प्रशासन की भूमिका की निष्पक्ष जांच की मांग*
मंच ने राष्ट्रपति से अनुरोध किया है कि चिकित्सा सुविधाओं में कथित बाधाओं, निजी चिकित्सक द्वारा उठाई गई आपत्तियों और जेल प्रशासन की भूमिका की निष्पक्ष जांच कराई जाए। यदि किसी अधिकारी की लापरवाही या न्यायालय के आदेशों की अवहेलना सामने आती है, तो नियमानुसार कार्रवाई की जाए।
*'मांग केवल उचित इलाज और मानवीय देखभाल की है*
जन जागरण मंच के अध्यक्ष हरिशंकर कुमार ने पत्र में स्पष्ट किया है कि संस्था किसी न्यायिक प्रक्रिया में हस्तक्षेप नहीं चाहती और न ही किसी न्यायिक अधिकार को प्रभावित करने की मांग कर रही है। संस्था की मांग केवल इतनी है कि एक अत्यंत वृद्ध और गंभीर बीमारियों से पीड़ित व्यक्ति को संविधान के अनुच्छेद 21 के तहत जीवन, स्वास्थ्य और मानवीय गरिमा के अनुरूप आवश्यक चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं।
मंच ने राष्ट्रपति से राजस्थान सरकार, गृह विभाग और जेल प्रशासन से तत्काल रिपोर्ट मंगवाने तथा आसाराम बापू के समुचित उपचार एवं 24 घंटे देखभाल की व्यवस्था सुनिश्चित कराने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने की अपील की है।
अब इस पत्र के माध्यम से राष्ट्रपति कार्यालय और संबंधित प्रशासनिक तंत्र का ध्यान आसाराम बापू की स्वास्थ्य स्थिति एवं चिकित्सा सुविधाओं से जुड़े मुद्दों की ओर आकर्षित किया गया है।
