समाचार 01 फ़ोटो 01
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने लाड़ली बहना सम्मेलन में उमरिया जिले को दी विकास कार्यों की सौगात
*87 करोड़ के निर्माण कार्यों का लोकार्पण, 57 करोड़ का 68 कार्यों का भूमिपूजन किया*
उमरिया
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उमरिया जिले के मानपुर जनपद पंचायत अंतर्गत ग्राम पंचायत गुरुवाही में आयोजित लाड़ली बहना योजना की राशि अंतरण कार्यक्रम के बाद प्रेस से चर्चा की। इस दौरान उन्होंने प्रदेश सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकास कार्यों, कृषि एवं सिंचाई, पर्यटन विकास और नगरीय निकायों से जुड़े विषयों पर अपनी बात रखी।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने बताया कि लाड़ली बहना योजना की राशि बहनों के खातों में अंतरित की गई है। उन्होंने कहा कि कार्यक्रम में 136 विभिन्न विकास कार्यों के लिए 144 करोड़ रुपये के कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन भी किया गया। प्रदेश सरकार जनहित के कार्यों के लिए पर्याप्त धनराशि उपलब्ध कराने के साथ पहले से संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं के लिए भी समय-समय पर राशि जारी कर रही है, ताकि योजनाओं का लाभ हितग्राहियों तक पहुंचता रहे।
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने उमरिया जिले के ग्राम गुरवाही में आयोजित लाड़ली बहना सम्मेलन में जिले के विकास को गति देने के उद्देश्य से विभिन्न निर्माण कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन किया। मुख्यमंत्री ने 87 करोड़ रुपये की लागत से पूर्ण हुए 68 निर्माण कार्यों का लोकार्पण तथा 57 करोड़ रुपये की लागत वाले 68 निर्माण कार्यों का भूमिपूजन किया।
इस अवसर पर मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने जिले में स्वास्थ्य, शिक्षा, धार्मिक पर्यटन तथा प्रशासनिक सुविधाओं के विस्तार से संबंधित महत्वपूर्ण घोषणाएं कीं। उन्होंने मानपुर एवं पाली के सामुदायिक स्वास्थ्य भवनों का सिविल अस्पताल के रूप में उन्नयन करने, मानपुर विधानसभा क्षेत्र में सांदीपनि विद्यालय स्वीकृत करने तथा चिल्हारी में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्थापित करने की घोषणा की।
मुख्यमंत्री ने चिल्हारी को नगर परिषद का दर्जा देने के संबंध में परीक्षण के पश्चात आवश्यक निर्णय लेने की बात कही। इसके साथ ही पाली में धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा देने तथा होम स्टे संचालित करने के लिए 3 लाख रुपये का अनुदान देने की घोषणा की। मुख्यमंत्री ने अमरपुर उप तहसील को भी परीक्षण के पश्चात तहसील का दर्जा देने की घोषणा की।
समाचार 02 फ़ोटो 02
मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़ में एक ही ईटीपी नम्बर पर दो अलग-अलग वाहनों ने किया रेत परिवहन, तारीख मे 1 माह 3 दिन का अंतर
*ईटीपी दस्तावेज पर उठ रहे सवाल, जाँच में हो सकता है खुलासा*
अनूपपुर
जैतहरी क्षेत्र में रेत परिवहन से जुड़ा मामला दस्तावेजों के सत्यापन और खनिज परिवहन व्यवस्था की निगरानी पर सवाल खड़े कर रहा है। उपलब्ध कराए गए दस्तावेजों में एक हस्तलिखित उल्लेख के अनुसार, छत्तीसगढ़ से संबंधित टीपी पर वाहन क्रमांक MP 65 ZD 2127 होने की बात कही गई है, जबकि मध्यप्रदेश के खनिज विभाग के ई-खानिज पोर्टल से प्राप्त इंटर-स्टेट ट्रांजिट पास (ISTP) में वाहन क्रमांक MP 65 ZD 8127 दर्ज दिखाई देता है।
ई-टीपी के स्क्रीनशॉट के अनुसार, इसका नंबर 126561736 है। दस्तावेज में परिवहन की तारीख 14 अक्टूबर 2026, समय दोपहर 12:18 बजे, खनिज रेत, मात्रा 3.00 घनमीटर, लोडिंग स्थान मलादांड, बिलासपुर, छत्तीसगढ़ तथा गंतव्य सीताराम गुंजी बिहार, अनूपपुर, मध्यप्रदेश दर्ज है। दस्तावेज में ई-टीपी की वैधता उसी दिन शाम 3:18 बजे तक दिखाई गई है।
वहीं, उपलब्ध दूसरे दस्तावेज पर 11 मई 2026 की मुहर और हस्तलिखित ISTP संख्या जैसा उल्लेख दिखाई देता है। इन दस्तावेजों के बीच संबंध, जारी होने का उद्देश्य और वाहन संबंधी विवरण संबंधित विभाग से सत्यापित किए जाने आवश्यक हैं।
इस पूरे मामले का केंद्रीय प्रश्न यही है कि क्या वास्तव में एक वाहन के लिए जारी परमिट का उपयोग दूसरे वाहन के परिवहन में किया गया? उपलब्ध तस्वीरों के आधार पर इस निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी कि टीपी फर्जी है। इसके लिए छत्तीसगढ़ के संबंधित विभाग से मूल टीपी का सत्यापन, मध्यप्रदेश की ई-टीपी का आधिकारिक रिकॉर्ड और वाहन के पंजीयन विवरण का मिलान जरूरी है।
यदि दस्तावेजों की जांच में वाहन नंबर बदलने, गलत जानकारी देने या परमिट के दुरुपयोग की पुष्टि होती है, तो यह गंभीर मामला होगा और नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।
14 अक्टूबर 2026 को जैतहरी पुलिस ने रेत परिवहन से जुड़े मामले में कार्रवाई की। कार्रवाई का विस्तृत आधिकारिक विवरण उपलब्ध नहीं था। इसलिए यह स्पष्ट होना बाकी है कि किस वाहन को जब्त किया गया, किन दस्तावेजों की जांच हुई और क्या खनिज विभाग को आगे की कार्रवाई के लिए सूचना दी गई।
वाहन MP 65 ZD 8127 के साथ प्रस्तुत ई-टीपी नंबर 126561736 का विभागीय सत्यापन कराया गया। छत्तीसगढ़ की मूल टीपी पर दर्ज वाहन क्रमांक MP 65 ZD 2127 की पुष्टि संबंधित विभाग से की गई। 3 घनमीटर रेत की मात्रा और उसके लोडिंग व गंतव्य संबंधी विवरण की जांच हुई। इस मामले में वाहन मालिक, चालक और परमिट जारी करने की प्रक्रिया से जुड़े तथ्यों की जांच की गई। पुलिस और खनिज विभाग संयुक्त रूप से जांच के बाद सच सामने आ जायेगा।
समाचार 03 फ़ोटो 03
जूना अखाड़े से जुड़े संत की हत्या के आरोपी को न्यायालय ने सुनाई आजीवन कारावास की सजा
अनूपपुर
अमरकंटक क्षेत्र में जूना अखाड़े से जुड़े संत की हत्या के मामले में राजेंद्रग्राम के अतिरिक्त सत्र न्यायालय ने आरोपी वीरेंद्र सिंह खटेट को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।
मामला अमरकंटक क्षेत्र के गढ़ीदादर-चचानडीह स्थित शिवदावा आश्रम, जूना अखाड़े से जुड़े संत की हत्या से संबंधित है। 7 अगस्त 2024 को हुई इस घटना के पीछे आरोपी और संत के बीच पुरानी रंजिश थी। संत द्वारा शराब, मांसाहार और महिलाओं के प्रति कथित अनुचित व्यवहार का विरोध किए जाने को विवाद की प्रमुख वजह बताया गया। जांच के दौरान सामने आए तथ्यों के आधार पर अभियोजन पक्ष ने अदालत में अपना पक्ष रखा। न्यायालय ने उपलब्ध साक्ष्यों और गवाहों के बयानों का परीक्षण करने के बाद आरोपी को हत्या का दोषी माना।
न्यायालय ने आरोपी वीरेंद्र सिंह खटेट को भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 103(1) के तहत हत्या का दोषी ठहराया। अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों, मेडिकल रिपोर्ट और घटनास्थल से संबंधित तथ्यों पर विचार करने के बाद न्यायालय ने आजीवन कारावास तथा 10 हजार रुपये के जुर्माने का दंड निर्धारित किया।
मामले में संत भोलगिरी खड़ेश्वरी अलबेले द्वारा क्षेत्र में शराब, मांसाहार और महिलाओं के साथ कथित अशोभनीय व्यवहार का विरोध किए जाने की बात सामने आई थी। अभियोजन पक्ष के अनुसार, इसी विरोध के कारण आरोपी के साथ उनकी रंजिश बढ़ी और विवाद ने गंभीर रूप ले लिया।
समाचार 04 फ़ोटो 04
300 परिवारों का अंगूठा लगवाकर राशन गायब करने का सेल्समैन पर लगा आरोप, कार्यवाही की मांग
शहडोल
जिले में गरीब आदिवासियों के निवाले पर ही डाका डालने का मामला सामने आया है। आरोप है कि शासकीय उचित मूल्य दुकान पर हितग्राहियों से अंगूठा तो लगवा लिया गया, लेकिन उन्हें दो महीने का राशन नहीं दिया गया।
बुढ़ार जनपद के अंतर्गत झीक बिजुरी लैम्प्स के तहत संचालित छतई की शासकीय राशन दुकान के तत्कालीन विक्रेता मोहम्मद अमीन पर गंभीर आरोप लगे हैं कि उसने हितग्राहियों से चालाकी से अंगूठा लगवाकर उनके हिस्से का राशन अवैध तरीके से आहरित कर लिया, लेकिन उपभोक्ताओं को अनाज नहीं मिला। इस कथित अनियमितता और धांधली से जुड़ा एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें ग्रामीण अपनी पीड़ा बयां कर रहे हैं।
ग्रामीणों की लगातार शिकायतों के बाद विभागीय स्तर पर जांच की गई, जिसके आधार पर तत्कालीन विक्रेता मोहम्मद अमीन को निलंबित कर दिया गया है। इसके बाद दुकान संचालन की जिम्मेदारी नए विक्रेता जैनुल को सौंप दी गई है। हालांकि, स्थानीय ग्रामीणों और पीड़ित परिवारों का कहना है कि विक्रेता के बदलने के बावजूद उन्हें अब तक पिछले दो महीनों का रुका हुआ राशन नहीं मिला है, जिसके कारण वे अपने हक के अनाज के लिए लगातार भटकने को मजबूर हैं।
इस मामले को लेकर उपभोक्ताओं में भारी आक्रोश है। पीड़ित उपभोक्ता रंगदेव सिंह, जय भान सिंह, रामकली सहित अन्य पीड़ित गृहणी महिलाओं ने शासन-प्रशासन से गुहार लगाई है कि उनसे धोखाधड़ी कर हड़पा गया राशन उन्हें जल्द से जल्द दिलाया जाए और दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए। फिलहाल, इस खुलासे के बाद खाद्य विभाग की कार्यप्रणाली और राशन वितरण प्रणाली की पारदर्शिता पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
समाचार 05 फ़ोटो 05
रेत लोड करने जा रहा हाइवा ट्रक ने बाइक सवार को कुचला, हुई मौत, नाराज ग्रामीणों ने शव रखकर जताया विरोध
शहडोल
अवैध रेत उत्खनन और परिवहन में जैतपुर थाना क्षेत्र में देर रात एक दर्दनाक सड़क हादसे में हाइवा की चपेट में आने से बाइक सवार ग्रामीण सोनू वर्मा की मौत हो गई, बताया जा रहा है कि सोनू भटिया पेट्रोल पंप से बाइक में पेट्रोल डलवाकर जा रहे थे, तभी हाइवा चालक ने उन्हें कुचल दिया, स्थानीय लोगों का आरोप है कि हाइवा अवैध रेत लोड करने के लिए जा रहा था, हादसे के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया और ग्रामीणों ने पेट्रोल पंप के सामने शव रखकर विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया, हादसे के कारणों और हाइवा की गतिविधियों की आधिकारिक पुष्टि तथा पुलिस की कार्रवाई का विवरण सामने आना बाकी है।
सोनू वर्मा की मौत से नाराज स्थानीय लोगों ने देर रात पेट्रोल पंप के सामने शव रखकर विरोध जताया, ग्रामीणों ने क्षेत्र में कथित तौर पर जारी अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर तत्काल रोक लगाने की मांग की, प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि जैतपुर थाना क्षेत्र की कुनुक नदी से रेत का अवैध उत्खनन कर हाइवा और अन्य वाहनों के जरिए परिवहन किया जा रहा है। इसी गतिविधि को लेकर क्षेत्र में लंबे समय से नाराजगी बनी हुई है।देर रात तक चले विरोध प्रदर्शन के बाद मौके पर पहुंचे अधिकारियों ने ग्रामीणों को समझाइश दी, जिसके बाद मामला शांत हुआ, हालांकि, इस घटना ने क्षेत्र में रेत के अवैध कारोबार को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं।
जिले में अवैध रेत उत्खनन और परिवहन रोकने की कार्रवाई के दौरान दो अधिकारियों की वाहनों से कुचलकर मौत हो चुकी हैं। इसके बावजूद स्थानीय लोगों का आरोप है कि रेत के अवैध कारोबार पर प्रभावी अंकुश नहीं लग पा रहा है। सोनू वर्मा की मौत के बाद अब ग्रामीणों ने अवैध रेत उत्खनन और परिवहन पर सख्ती से रोक लगाने की मांग उठाई है।
समाचार 06 फ़ोटो 06
चार हत्याओं के आरोपी हाथ पैर में हुआ इंफेक्शन, जिला अस्पताल से मेडिकल कालेज रेफर
अनूपपुर
करनपठार थाना क्षेत्र में चार हत्याओं के आरोपी प्रेम सिंह गोंड को इलाज के लिए शहडोल मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया है। जिसे जिला जेल अनूपपुर से जिला चिकित्सालय लाया गया था।
उसके हाथ-पैर में रस्सी से बंधने के कारण बने घावों में इन्फेक्शन फैल गया है। डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार के बाद उसे हायर सेंटर भेजने का फैसला किया। आरोपी को 4 अक्टूबर को गिरफ्तारी के बाद कोर्ट में पेश किया गया था। तब न्यायाधीश ने घावों को देखकर पहले इलाज कराने का आदेश दिया था। जेल में रहने के दौरान भी उसके घावों में सुधार नहीं हुआ, बल्कि सड़न बढ़ती गई। डॉक्टरों के अनुसार, आरोपी की मानसिक स्थिति को देखते हुए परिजनों ने संभवतः लंबे समय से उसके हाथ-पैर बांध रखे थे, जिससे ये गहरे ज़ख्म बन गए।
कैदी प्रेम सिंह गोंड पर 3 अक्टूबर को अमोदा गांव में अपनी 70 वर्षीय नानी भन्नी बाई गोंड, 75 वर्षीय नाना संपत सिंह गोंड और 50 वर्षीय मां अनूपिया बाई की डंडे से पीटकर हत्या करने का आरोप है। इस दौरान युवक ने अपने मामा सहित उनकी दो अन्य बेटियों पर भी डंडे पत्थर से हमला कर गंभीर रूप से घायल कर दिया, जिनमें इलाज के दौरान शहडोल अस्पताल में 5 वर्षीय मुनका सिंह पिता चैन सिंह की मौत हो गई थी। जबकि इस घटना में शनिधाम मंदिर पुजारी गंगा सिंह सहित तीन अन्य लोग जिनमें मामा चैन सिंह के साथ 6 वर्षीय पुत्री कुमारी चंचल और 3 वर्षीय कुमारी भारती गंभीर रूप से घायल हो गई थी।
समाचार 07
निर्माण कार्यों में अनावश्यक विलम्ब न हो,कार्य समय-सीमा में पूर्ण करें कलेक्टर ने निर्माण विभागों की समीक्षा, दिए निर्देश
अनूपपुर
कलेक्टर रत्नाकर झा ने जिले के विभिन्न निर्माण विभागों द्वारा संचालित निर्माण कार्यों की समीक्षा बैठक ली। बैठक में जिले में चल रहे निर्माण कार्यों की वर्तमान स्थिति, स्वीकृत एवं प्रगतिरत परियोजनाओं, कार्यों की प्रगति तथा निर्धारित समय-सीमा में निर्माण कार्य पूर्ण करने की स्थिति की विस्तार से समीक्षा की गई।
बैठक में लोक निर्माण विभाग, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, जल संसाधन विभाग, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा सहित अन्य संबंधित निर्माण विभागों के कार्यों की समीक्षा की गई। कलेक्टर श्री झा ने संबंधित विभागों के अधिकारियों से निर्माण कार्यों की अद्यतन प्रगति, कार्य प्रारंभ होने की स्थिति, लंबित परियोजनाओं तथा निर्माण कार्यों में आ रही समस्याओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण करने के लिए प्रभावी कार्ययोजना बनाकर कार्य किया जाए।
कलेक्टर ने निर्माण कार्यों में गुणवत्ता के निर्धारित मापदंडों का पालन सुनिश्चित करने तथा निर्माण सामग्री की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए और कार्यस्थलों पर प्रगति का सतत निरीक्षण किया जाए, ताकि निर्माण कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही न हो तथा आम नागरिकों को विकास कार्यों का लाभ समय पर मिल सके।
बैठक में विभिन्न कारणों से लंबित निर्माण कार्यों की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों से कार्यों में आ रही बाधाओं की जानकारी लेकर उनके निराकरण के लिए आवश्यक कार्रवाई करने तथा विभागीय समन्वय के माध्यम से कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए।
समाचार 08
रेत का अवैध परिवहन करते वाहन हुआ जब्त
अनूपपुर
जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित किए जाने हेतु कलेक्टर रत्नाकर झा द्वारा दिए गए निर्देशों के पालन में खनिज विभाग द्वारा सघन कार्यवाही की जा रही है। इसी अनुक्रम में सहायक खनिज अधिकारी ईशा वर्मा एवं सर्वेयर अमित कुमार एवं अन्य के साथ ग्राम जलसार में खनिज रेत का अवैध परिवहन करते हुए 02 वाहन MP 65 AA 0751 एवं MP 54 AA 1366 को जब्त किया गया तथा आगामी निर्देश तक बिजुरी थाना परिसर में सुरक्षित खड़ा कराया गया है। उक्त प्रकरण में मध्यप्रदेश खनिज (अवैध खनन, परिवहन तथा भंडारण का निवारण) नियम, 2022 के नियम 19 (1), (2) एवं (3) के अंतर्गत विधिसम्मत कार्यवाही की गई।
समाचार 09
कलेक्टर की अध्यक्षता में पुनर्वास समिति की बैठक
अनूपपुर
कलेक्टर एवं जिला स्तरीय पुनर्वास समिति के अध्यक्ष श्री रत्नाकर झा की अध्यक्षता में एसईसीएल जमुना-कोतमा क्षेत्र की आमाडांड खुली खदान परियोजना के अंतर्गत प्रभावित भूमिस्वामियों को रोजगार प्रदान करने के संबंध में जिला स्तरीय पुनर्वास समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में परियोजना से प्रभावित ग्राम आमाडांड, निमहा एवं कुहका के भूमिस्वामियों को रोजगार उपलब्ध कराने से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श किया गया।