डॉ. अरुण अज्ञानी कलाव्योम कविश्री सम्मान से हुए सम्मानित
भोपाल
कवि, साहित्यकार, लेखक एवं प्रोफेसर डॉ. अरुण अज्ञानी (डॉ. अरुण खोबरे) को कलाव्योम कविश्री सम्मान 2026 से सम्मानित किया गया। सामाजिक एवं सांस्कृतिक संस्था कलाव्योम फाउंडेशन द्वारा साहित्य के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान के लिए उन्हें यह सम्मान प्रदान किया गया। माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय भोपाल में प्रोफेसर डॉ. अरुण खोबरे जिन्हें कवि के रुप अरुण अज्ञानी के नाम से भी जाना जाता है इससे पूर्व भी साहित्य के क्षेत्र में कई पुरुस्कार व सम्मान प्राप्त कर चुके हैं। इस अवसर पर संस्था के पदाधिकारी अशोक श्रीमाल, आलोक शर्मा, मोहित कुमार आदि उपस्थित थे। गौरतलब है कि डॉ. अरुण खोबरे ने विश्व की सबसे बड़ी श्रीरामचरित मानस का लेखन भी किया है। पिछले साल ही उनका नाम लंदन बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड में दर्ज हुआ था। इससे पहले ओएमजी बुक ऑफ रिकॉर्ड, भारत वर्ल्ड रिकॉर्ड, मैजिक बुक ऑफ रिकॉर्ड, ग्लोबल गोल्ड टैलेंट बुक ऑफ रिकॉर्ड, वंडर बुक ऑफ रिकॉर्ड, रॉयल सक्सेस इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड, गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड में भी डॉ खोबरे का नाम दर्ज हो चुका है। उन्हें अब तक उत्कृष्ट लोक कवि सम्मान, संतश्री भूरा भगत राष्ट्रीय रत्न सम्मान, इंडियन आईकॉन अवार्ड, एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी पर्सनाल्टी ऑफ इंडिया, उत्कृष्ट मीडिया गुरु शिक्षक सम्मान, कतिया विभूति सम्मान, इंडियाज बेस्ट मीडिया टीचर अवार्ड, एक्स्ट्रा ऑर्डिनरी पर्सनाल्टी ऑफ वर्ल्ड, ग्लोबल एपेक्स अवार्ड समेत कई, राष्ट्र गौरव सम्मान सहित कई सम्मानों व पुरुस्कारों से नवाजा जा चुका है। एमसीयू में शिक्षक के अलावा वे अटल बिहारी वाजपेई हिंदी विश्वविद्यालय के पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग में विभागाध्यक्ष एवं परीक्षा नियंत्रक का दायित्व भी संभाल चुके हैं। उन्होंने कलाव्योम कविश्री सम्मान 2026 को भगवान राम जी के परम भक्त श्री हनुमान जी को समर्पित किया है।
