जनपद सदस्य संघ ने खोला मोर्चा, मांगे पूरी करो नही तो होगा सामूहिक स्तीफा, मुख्यमंत्री के नाम सौपा ज्ञापन

जनपद सदस्य संघ ने खोला मोर्चा, मांगे पूरी करो नही तो होगा सामूहिक स्तीफा, मुख्यमंत्री के नाम सौपा ज्ञापन


सतना

जनपद पंचायत सदस्य संघ म०प्र० तत्वाधान में 26 दिसम्बर को त्रिस्तरीय पंचायतीराज जनप्रतिनिधि / पदाधिकारियों का मांग पत्र जनकल्याण हेतु अपनी मांगों को लेकर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के नाम सैकड़ो को संख्या में कलेक्टर कार्यालय सतना ज्ञापन देने पहुँचे तो जानकारी प्राप्त हुई कि कलेक्टर कार्यालय में नही है तो सभी लोग नारे लगाते हुए कलेक्टर कार्यालय के सामने धरने पर बैठ गए जब 20 मिनट बाद कलेक्टर कार्यालय पहुँचकर ज्ञापन लिए तब जाकर धरना समाप्त हुआ।

संघ ने ज्ञापन में लेख किया है कि त्रिस्तरीय पंचायतीराज जनप्रतिनिधि / पदाधिकारियों को अपने क्षेत्रांतर्गत जनकल्याण कार्य हेतु निम्नानुसार मांग पत्र मुख्यमंत्री की ओर सादर प्रस्तुत है।

1. जनपद पंचायत के जनप्रतिनिधि / पदाधिकारियों की जनपद सदस्य / उपाध्यक्ष / अध्यक्ष के क्षेत्र के विकास के लिए विकास निधि के रूप में निम्नानुसार बजट की प्रतिवर्ष व्यवस्था की जाये एवं योजना बनाई जाए।

जिसमे जनपद अध्यक्ष को विकास निधि के लिए 1 करोड़ 50 लाख, स्वेच्छानुदान निधि 25 लाख, जनपद उपाध्यक्ष को विकास निधि के लिए 50 लाख, स्वेच्छानुदान निधि 5 लाख व जनपद सदस्य के लिए विकास निधि 25 लाख, स्वेच्छानुदान 5 लाख हर वर्ष दिया जाए

2. ग्राम पंचायत के सभी कार्यों में वार्षिक डी०पी०आर० एवं प्रस्ताव में संबंधित पंचायत के जनपद सदस्य को अनुमोदन अधिकार एवं कार्यपूर्ण में अंतिम सी०सी० जारी करते समय  जनपद सदस्य को अनुमोदन का अधिकार हो। 

3. पंचायत के कार्यों में जहाँ भी पी०सी०ओ० को हस्ताक्षर करने का अधिकार हो उस स्थान पर संबंधित जनपद सदस्य को भी अधिकार होना चाहिये। 

4. पंचायत राज अधिनियम में संशोधन करते हुए जनपद पंचायत सदस्य को भी निर्माण एजेंसी एवं वित्तीय अधिकार प्रदान किये जाये।

5. जनपद पंचायत क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले समस्त विभागों के विभागीय बजट के अनुमोदन का अधिकार जनपद पंचायत की सामान्य सभा को दिया जाये।

6. सभी जनपद सदस्यों को वाहन खर्च अनिवार्य रूप में माह में राशि 15000/- एवं उपाध्यक्ष को राशि 20,000/- प्रतिमाह दिया जाये।

7. जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी के सी०आर० लिखने का अधिकार जनपद पंचायत अध्यक्ष को दिया जाये।

8. जनपद पंचायत के जनप्रतिनिधि / पदाधिकारियों के मानदेय में निम्नानुसार बढ़ोत्तरी की जाये तथा पेंशन योजना लागू की जाये।

इसके अलावा जनपद अध्यक्ष को मानदेय 45 हजार व स्टेशनरी भत्ता 15 हजार, जनपद उपाध्यक्ष को मानदेय 25 हजार व स्टेशनरी भत्ता 2 हजार, जनपद सदस्य को मानदेय 15 हजार व स्टेशनरी भत्ता 1 हजार प्रति माह दिया जाए।

उपरोक्त मांग पर गंभीरता पूर्वक विचार कर हम जनपद सदस्यों को अधिकार दें, ऐसा न होने की दशा में हम सभी सदस्य सामूहिक इस्तीफा देने को बाध्य होगे।


ज्ञापन कार्यक्रम में अमरपाटन जनपद अध्यक्ष माया विनीत पाण्डेय, सोहावल जनपद अध्यक्ष राजेश रावत, मझगवा उपाध्यक्ष सुनील पाल, श्रीमती लोधी उपाध्यक्ष नागौद, एवं मध्यप्रदेश जनपद सदस्य संघ की नींव रखने वाले उपेंद्र शुक्ला सिद्धार्थ सिंह सिद्धू, धीरेन्द्र सिंह, बी पी सिंह, मुकेश तिवारी, उमेश अहिरवार, मैहर से केदार शुक्ला कुलदीप, रविन्द्र पटेल दीपक सिंह,मझगवा जनपद से विनोद कुशवाहा एवं समस्त सदस्य, रामपुर से प्रशांत सिंह,विनोद तिवारी, सुखिनन्द सभी सदस्य, नागौद से गौरव सिंह युवराज सिंह, सभी सदस्य रामनगर से उदय सिंह सभी सदस्य,सभी आठ जनपद के 153 सदस्यों ने शामिल हो अधिकार की आवाज जिला मुख्यालय में बुलंद की, और मध्यप्रदेश के एक साथ 52 जिलों में एक साथ ज्ञापन सौपा गया।



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