रेलवे स्टेशन पर जनसुविधाओं का घोर अभाव, शौचालय में लगा रहता है ताला, यात्री बेहाल
*पेयजल का भी अभाव*
अनूपपुर
अनूपपुर जंक्शन रेलवे स्टेशन जिला अनुपपुर का प्रमुख स्टेशन होने के बावजूद आज भी मूलभूत रेल सुविधाओं के अभाव से जूझ रहा है। बताया जा रहा है कि रेल प्रबंधन द्वारा स्टेशन का कायाकल्प तो किया जा रहा है, किन्तु दूसरी ओर यात्रियों की आवश्यक सुविधाओं को नजर अंदाज कर दिया गया है।
कोतमा निवासी शिक्षक बाल्मिक तिवारी ने जानकारी देते हुए बताया कि अनुपपुर रेलवे स्टेशन का बाहरी स्वरूप काफी सुंदर बनाया गया है, लेकिन प्रबंधन की उदासीनता के कारण यात्री शुद्ध पेयजल, शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं से वंचित हैं। स्टेशन परिसर में कहीं पर भी खुला शौचालय उपलब्ध नहीं है, जिसके चलते यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। तिवारी का कहना है कि जब शौचालय हेतु स्टेशन के कर्मचारियों से संपर्क किया गया तो उन्हें उच्च श्रेणी के वेटिंग हॉल का उपयोग करने की सलाह दी गई, जबकि सामान्य टिकट वाले यात्री उच्च श्रेणी के वेटिंग हॉल में जाने से कतराते हैं और नियमों की अनदेखी का दोष भी उन पर लगाया जाता है।
यात्रियों ने बताया कि अनुपपुर जंक्शन पर 24 घंटे यात्रियों की आवाजाही होती रहती है, इसके बावजूद पेयजल और शौचालय जैसी आवश्यक सेवाओं का अभाव बना हुआ है। कई यात्रियों ने रेल प्रबंधन से बार-बार शिकायत भी दर्ज कराई है, लेकिन अब तक कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। महिलाओं, पुरुषों और दिव्यांगों के लिए शौचालय का निर्माण तो किया गया है, परंतु अधिकांश शौचालयों पर ताले लगे होने के कारण उनका उपयोग नहीं हो पा रहा है।
स्थिति यह है कि मरीज, बुजुर्ग और बच्चे समेत आम यात्री शुद्ध पेयजल और शौचालय की सुविधा न मिलने से स्टेशन परिसर में इधर-उधर भटकने को मजबूर हैं। इससे न सिर्फ यात्रियों में आक्रोश बढ़ रहा है, बल्कि स्टेशन प्रबंधन की कार्यप्रणाली पर भी प्रश्नचिह्न लग रहा है।सेवानिवेश शिक्षक बाल्मिक तिवारी ने रेल प्रबंधन से आग्रह किया है कि यात्रियों की मूलभूत आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए जल्द से जल्द पेयजल, शौचालय सहित सभी जरूरी सुविधाओं को सुचारू रूप से चालू कराया जाए, जिससे आम जनता को राहत मिल सके।
