DPO के विरूद्ध विशेष न्यायाधीश द्वारा एससी-एसटी एक्ट में किया गया अपराध पंजीबद्ध
अनूपपुर
अनूपपुर न्यायालय में विचाराधीन बैजनाथ प्रजापति बनाम रामनरेश गिरि परिवाद प्रकरण में माननीय न्यायालय विशेष न्यायाधीश एससी-एसटी एक्ट द्वारा श्री रामनरेश गिरि द्वारा किया गया कृत्य प्रथम दृष्टया सही पाते हुए अपराध धारा 294, 353 भादवि एवं 3(1)द एवं 3(1)ध एससी-एसटी एक्ट के तहत मामला पंजीबद्ध कर अभियुक्त रामनरेश गिरि को न्यायालय में उपस्थिति हेतु नोटिस जारी किया है। चूंकि रामनरेश गिरि जिला अभियेाजन अधिकारी के रूप में पदस्थ होकर लोक सेवक थे जिसकी सूचना इनके विभाग प्रमुख संचालक लोक अभियोजन संचालनालय भोपाल को भेजने का निर्देश दिया है।
*यह है मामला*
बैजनाथ प्रजापति टीआई चचाई ने न्यायालय में चालान प्रस्तुत करने हेतु उपस्थित हुआ था रामनरेश गिरि द्वारा उसके चालान को फेकते हुए अभद्र व्यवहार करते हुए जातिगत रूप से अपमानित करते हुए गाली-गलौच किया गया जिससे शासकीय कार्य में बाधा उत्पन्न हुई थी इस बाबत पुलिस थाना द्वारा अपराध पंजीबद्ध न किए जाने पर परिवादी बैजनाथ प्रजापति द्वारा न्यायालय में परिवाद पत्र प्रस्तुत किया गया था जिस पर परिवादी साक्षियो के कथन एवं पुलिस प्रतिवेदन प्राप्ति के पश्चात् माननीय न्यायालय द्वारा उक्त अपराध पंजीबद्ध किया गया। उक्त प्रकरण में परिवादी बैजनाथ प्रजापति की ओर से श्री संजय शुक्ला एवं राजेश शर्मा द्वारा पैरवी की गई थी। उनके तर्काें एवं उनके द्वारा प्रस्तुत किए गए साक्षियों के कथनों पर न्यायालय ने विश्वास कर प्रथम दृष्टया सिद्ध पाते हुए अपराध पंजीबद्ध किया है।
